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उत्तराखंड: परिवहन निगम में घोटाला, 7000 अधिकारियों-कर्मचारियों के वेतन, एसीपी का होगा स्पेशल ऑडिट

Thu, 03 Oct 2019 08:18 AM IST
अलका त्यागी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
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- फोटो : प्रतीकात्मक तस्वीर
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उत्तराखंड के परिवहन निगम में एक बार फिर वेतन और एसीपी घोटाला पकड़ा गया है। नई दिल्ली में तैनात 33 कर्मचारियों के वेतन और एश्योर्ड करियर प्रोग्रेशन (एसीपी) की जांच में घपला सामने आया है।

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जिसके बाद प्रबंध निदेशक रणवीर सिंह चौहान ने सात हजार अधिकारी-कर्मचारियों के वेतन व एसीपी का स्पेशल आडिट कराने का अनुरोध शासन से किया है। निगम में पहले भी एसीपी घोटाला सामने आया था, जिसके बाद संबंधित कार्मिकों से वेतन रिकवरी के आदेश जारी किए गए थे।

परिवहन निगम प्रबंध निदेशक रणवीर सिंह चौहान को शिकायत मिली थी कि नई दिल्ली में तैनात कर्मचारियों का वेतन और एसीपी का गलत निर्धारण किया गया है। प्रबंध निदेशक ने महाप्रबंधक प्रशासन निधि यादव व वित्त नियंत्रक से प्रकरण की जांच कराई तो शिकायत की पुष्टि हुई।

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वेतन रिकवरी के हुए थे आदेश

चौहान ने बताया कि 7000 कर्मियों के स्पेशल आडिट के लिए शासन को पत्र भेजा गया है। स्पेशल आडिट से इस बात की जानकारी मिल सकेगी कि वेतन व एसीपी के निर्धारण में किस स्तर पर कहां और किन-किन अधिकारियों, कर्मचारियों द्वारा गड़बड़ियां की गई है। 

बता दें कि परिवहन निगम में शासनादेशों के विपरीत एसीपी का लाभ लेने का मामला पहले भी सामने आया था। तत्कालीन प्रबंध निदेशक बीके संत ने 65 अधिकारी-कर्मचारियों से एसीपी की रिकवरी करने का आदेश जारी किया था। मामले की जांच महाप्रबंधक (प्रशासन) निधि यादव को सौंपी गई थी।

साल 2013 से अनाधिकृत तरीके से दी गई एसीपी की आड़ में इन अधिकारी-कर्मचारियों को करोड़ों रुपये का बढ़ा हुआ भुगतान किया गया था। कुछ दिन चर्चाओं मेें रहने के बाद यह प्रकरण ठंडे बस्ते में चला गया था।
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