महाकुंभ की धरा पर श्री पंचायती अखाड़ा महानिर्वाणी की ओर से निकाली गई पेशवाई यात्रा में दून के संत भी शामिल हुए। महाकुंभ में संतों की पेशवाई काफी महत्वपूर्ण होती है।
प्रयागराज में 13 जनवरी से महाकुंभ होने जा रहा है। इसमें साधु-संतों की पेशवाई के बाद ही शाही स्नान का शुभारंभ होता है। महाकुंभ में प्रस्थान करने के लिए साधु-संत अपने अखाड़े से विशाल शोभायात्रा निकालते हैं। बृहस्पतिवार को महाकुंभ में श्री पंचायती महानिर्वाणी अखाड़े की भव्य शोभायात्रा निकाली गई। इसमें हाथी, घोड़ों के साथ ऊंट और रथ पर सवार होकर अखाड़ों के संत शामिल हुए। अखाड़े की छावनी प्रवेश शोभायात्रा में सबसे आगे सचिव महंत रवींद्र पुरी महाराज चले। उनके साथ ही टपकेश्वर महादेव मंदिर के महंत कृष्णा गिरी महाराज, दिगंबर रवि गिरी महाराज शामिल हुए। इस पेशवाई में दिगंबर रवि गिरी महाराज ने गुरु महाराज का निशान (भाला) उठाया। उन्होंने बताया कि शोभायात्रा बाघंबरी गद्दी के सामने स्थित महानिर्वाणी अखाड़े की वाटिका से निकलकर विभिन्न मार्गोंं से होते हुए अखाड़े की छावनी में प्रवेश किया।