क्रिकेटर सचिन तेंदुलकर के दोस्त ने छावनी परिषद लंढौर पर मानसिक उत्पीड़न का आरोप लगाया है।
डालिया बैंक के मालिक संजय नारंग का कहना है कि लंढौर छावनी क्षेत्र में भवन निर्माण को लेकर उच्च न्यायालय द्वारा यथास्थिति के आदेश दिए गए थे। भवन निर्माण पहले ही पूरा हो चुका है। इसके बाद भी उन्हें बार-बार निर्माण से संबंधित नोटिस दिए जा रहे हैं।
निर्माण को डीम्ड स्वीकृति
रविवार को अपने आवास पर पत्रकारों से बात करते हुए नारंग ने कहा कि छावनी परिषद द्वारा तीन बार निर्माण की स्वीकृति संबंधी प्रस्ताव पारित किए गए थे। सिविल कोर्ट, डिस्ट्रिक्ट कोर्ट और उच्च न्यायालय नैनीताल द्वारा डालिया बैंक के निर्माण को डीम्ड स्वीकृति दी गई थी।
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उच्चतम न्यायालय में भी वाद दायर किया गया है। इसके बावजूद परिषद द्वारा धारा 239 का हवाला देकर निर्माण कार्य रोकने की बात कही गई है। जो निराधार है। भवन निर्माण पूर्ण हो चुका है। यह धारा डालिया बैंक के मामले में लागू नहीं होती है।
उन्होंने कुछ भी अवैध नहीं किया है। उन्होंने इस बावत चले पत्राचार को भी सामने रखा। कहा कि बोर्ड की स्वीकृति के बाद ही भवन बनाया गया है। यह भवन पूरी तरह घरेलू हैं। इसमें किसी भी प्रकार की कॉमर्शियल क्रियाकलाप नहीं किया जाएगा।
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