देहरादून में अमर उजाला का विवाह पंजीकरण शिविर रविवार को भी आयोजित होगा। शनिवार की तरह यह कैंप सब रजिस्ट्रार कार्यालय परिसर में सुबह साढ़े दस बजे से शुरू हो जाएगा। शिविर शाम पांच बजे तक चलेगा।
जरूरी कागजात जरूर चेक कर लें
शिविर में उन्हीं लोगों का पंजीकरण किया जाएगा, जिन्होंने अमर उजाला कार्यालय से आवेदन फॉर्म लेकर उसे चेक कराया है। शिविर में आने से पहले अपने जरूरी कागजात जरूर चेक कर लें।
साथ ही जरूरी दस्तावेजों की फोटो कापी को सत्यापित करा कर ही पहुंचे। शिविर में नए आवेदन फॉर्म नहीं दिए जाएंगे।
यह है जरूरी
- अपनी और पत्नी का पहचान पत्र
- दो गवाह और उनका पहचान पत्र
- पति-पत्नी को मौजूद होना अनिवार्य
- जरूरी दस्तावेज सत्यापित कराकर लाएं
- आवेदन में उल्लेखित शुल्क देना होगा
- दो साल की शादी वाले विवाह का कार्ड जरूर लाएं
- शादी के 90 दिन में पंजीकरण कराने वालों को देना होगा 151 रुपए
- शादी के 90 दिन के बाद पंजीकरण कराने पर देना होगा 250 रुपए
शादी की ‘पक्की’ गांठ को, बेटे लाए मां-बाप को
अमर उजाला के कैंप में मां-बाप की शादी ‘पक्की’ कराने में बेटों ने भी अहम भूमिका लगाई। रजिस्ट्रेशन कैंप के लिए बेटे अपने माता-पिता को लेकर पहुंचे। कुछ ने तो अपने माता-पिता के लिए काफी देर तक कचहरी परिसर में इंतजार भी किया।
अवनीश गुप्ता ऐसे ही बेटों में शुमार हैं। पेशे से चार्टर्ड एकाउंटेंट अवनीश भरी बारिश में वकीलों के चैंबर के बाहर कंधे पर बैग टांगे खड़े थे। खासी ठंड में वह इंतजार कर रहे थे अपने कांट्रेक्टर पिता सुलेख चंद गुप्ता और मां उषा गुप्ता का।
बकौल अवनीश अखबार में मैरिज रजिस्ट्रेशन के बारे में पढ़कर उन्होंने माता-पिता के लिए कार्यालय से फॉर्म लिया था और उसे भरकर चेक कराया था। लेकिन बारिश होने की वजह से कैंप को लेकर उन्हें थोड़ा पसोपेश था, लिहाजा पहले खुद आ गए।
खासे उत्साहित दिखे लोग
मोबाइल फोन पर उन्होंने जल्दी-से-जल्दी मां-बाप को आने के लिए कहा। पहुंचने पर ही उन्होंने चैन की सांस ली। उधर, व्यवसायी अनिल बाहरी और पूनम को उनके पुत्र अमन लेकर पहुंचे थे।
धामावाला में स्टेशनरी का व्यवसाय करने वाले अनिल शादी की इस पक्की गांठ को लेकर खासे उत्साहित नजर आए। साथ ही अमन भी।