मृतक के पिता देव दत्त ने पुलिस को बताया कि उन्होंने अंकित को तैयार कर स्कूल भेजा था। वे भी फैक्टरी काम पर चले गए थे। दोपहर में उनको रिश्तेदार ने अंकित का शव पड़ा होने की सूचना दी थी।
बेटा ट्रांजिट कैंप के मछली मार्केट के पास एक स्कूल में सातवीं कक्षा में पढ़ता था। उनको नहीं पता कि बेटा स्कूल के बजाय सुनसान जगह पर कैसे पहुंच गया। इधर पुलिस मामले की जांच में जुटी है।