इसमें भाजपा के तीन और कांग्रेस के छह सांसद शामिल हैं। इसके अतिरिक्त संपत्ति दायित्वों की घोषणा न करने वाले सांसदों में आप के पंजाब से तीन सांसद शामिल हैं। समाजवादी पार्टी के यूपी से 4 सांसद, लोक जनशक्ति पार्टी के बिहार से 4 सांसद, आरजेडी के बिहार से दो सांसद, जेडीयू के बिहार से दो सांसद, शिरोमणि अकाली दल के पंजाब से दो सांसद, झारखंड मुक्ति मोर्चा के झारखंड से दो सांसद, ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस के पश्चिमी बंगाल से चार सांसद, बीजेडी के उड़ीसा से तीन सांसद, शिवसेना के महाराष्ट्र से दो सांसद, तेलगू देशम पार्टी के आंध्र प्रदेश से छह सांसद, टीआरएस के तेलंगाना से चार सांसद शामिल हैं। वहीं विभिन्न दलों के एक-एक लोकसभा सांसद ने अपनी संपत्ति दायित्व घोषणा का विवरण नहीं दिया है।
इसमें एआईडीएमके, एआईएमआईएम, आल इंडिया कांग्रेस, निर्दलीय, आइएनएलडी, जेएंडके पीडीपी, एनसीपी, एनडीपीपी, आरएलडी, आर एलएसपी और वाईएसआरसीपी के एक-एक सांसद शामिल हैं। नदीम ने बताया कि लोकसभा सदस्य (संपत्ति और दायित्वों की घोषणा) नियम 2004 के नियम 3 के अनुसार प्रत्येक लोकसभा सांसद को शपथ ग्रहण की तिथि से 90 दिन के भीतर अपने संपत्ति दायित्वों की सूचना लोकसभा सचिवालय को देने का नियम है।