नगर पालिका की बोर्ड बैठक में पेयजल और सीवर लाइन निर्माण करने वाली कार्यदायी संस्था ईएमएस की कार्यशैली पर कड़ा रुख अपनाया गया। पालिका चेयरमैन धीरज बॉबी नौटियाल ने कंपनी पर भारी लापरवाही और अनियमितताओं का आरोप लगाते हुए कड़ी नाराजगी जताई। बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि यदि कंपनी ने ब्लास्टिंग और खुदाई से क्षतिग्रस्त हुए पालिका के मार्गों व निर्माण कार्यों की दोबारा मरम्मत नहीं कराई, तो उसके खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई जाएगी।
चेयरमैन धीरज बॉबी नौटियाल ने बताया कि शहर के वार्ड संख्या दो, सात, आठ और नौ में सीवर लाइन चोक होने के कारण लगातार सीवर का गंदा पानी लीक होकर सड़कों पर बह रहा है। इससे स्थानीय लोगों, दुकानदारों और राहगीरों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बदबू के कारण व्यापार करना भी दूभर हो गया है। उन्होंने आरोप लगाया कि कंपनी सीवर की गंदगी को टैंकरों में भरकर रात के समय शक्ति नहर में बहा रही है, जो कि बेहद चिंताजनक और गैरकानूनी है। कई बार सीवर लाइन का गंदा पानी सड़क किनारे और नालियों में भी बहा दिया जाता है, जिससे बीमारी फैलने का खतरा बना हुआ है। बैठक में बताया गया कि पाइपलाइन बिछाने के दौरान कंपनी ने नगर पालिका की ओर से बनाए गए मार्गों, गूलों और उनके ऊपर लगे स्लैब को तोड़ दिया है। जब कंपनी से मरम्मत के लिए कहा गया, तो उसने यह कहते हुए पल्ला झाड़ लिया कि ब्लास्टिंग से पाइप डालने वाले मार्गों की मरम्मत वह नहीं करेगी। इस पर चेयरमैन ने दो टूक कहा कि ब्लास्टिंग से जो भी मार्ग क्षतिग्रस्त हुए हैं, उनका दोबारा निर्माण हर हाल में कंपनी को ही करना होगा। अन्यथा कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।