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उत्तराखंड: सीमा पर स्थित अन्तिम गांव माणा पहुंचे गृहमंत्री राजनाथ सिंह

Fri, 29 Sep 2017 03:53 PM IST
टीम डिजिटल/ अमर उजाला, देहरादून
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राजनाथ सिंह - फोटो : ani
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अपने दूसरे दिन के दौरे में केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह मसूरी स्थित लाल बहादुर शास्त्री प्रशासनिक अकादमी में प्रशिक्षु अधिकारियों से मिले। यहां से वह बदरीनाथ के लिए रवाना हो गए। केन्द्रीय गृहमंत्री  राजनाथ  बदरीनाथ पहुंचने के बाद सीधे वे सीमा पर स्थित अन्तिम गांव माणा के समीप स्थित आईटीबीपी बेस कैंम्प पहुंचे। जहां उन्होंने सैनिकों व अधिकारियों को सम्बोधित किया।
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देर शाम वे बदरीनाथ जी की आरती में शामिल होंगे तथा भगवान बदरीनाथ के दर्शन करेंगे। इसके बाद  8.30 बजे  रात्रि को वे बद्रीनाथ मंन्दिर समिति के अधिकारियों से वार्ता करेंगें। 30 सितम्बर को वे सीमावर्ती अग्रिम चौकियों का दौरा कर जवानों को सम्बोधित करेंगे। उनके भ्रमण को देखते हुए प्रशासन द्वारा सेना व पुलिस की कड़ी  सुरक्षा व्यवस्था की गयी है। उनके साथ प्रदेश के मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत भी मौजूद हैं।

शुक्रवार को केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने लाल बहादुर शास्त्री प्रशासनिक अकादमी में वरिष्ठ आईएएस अधिकारियाें के अलावा 92 फाउंडेशन कोर्स के प्रशिक्षु आईएएस से मुलाकात की। राजनाथ सिंह ने भावी अफसरों को संबोधित भी किया।
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राजनाथ सिंह ने अकादमी में 92 वें फाउंडेशन कोर्स के प्रशिक्षुओं से कहा कि वे मन में अहंकार न आने दें। अहंकार व्यक्ति को हमेशा बर्बाद कर देता है।  कहा कि वे भविष्य में कमिश्नर और डीएम बनेंगे। एक बात याद रखना कि कभी मन में अहंकार न आए। उन्होंने प्रशिक्षुओं को समान भाव से काम करने और सभी का आदर करने की नसीहत भी दी। 

उन्होंने कहा कि रावण ज्ञानी था, लेकिन अहंकारी हो गया। अहंकार पैदा होते ही व्यक्ति के पतन का कारण बनता है। आज नहीं तो कल, अहंकार का परिणाम अहंकारी को भुगतना पड़ता है। 

इसके बाद वह करीब डेढ़ बजे मसूरी से बदरीनाथ के लिए रवाना हो गए। बताया गया कि वह राजनाथ भगवान बदरी की पूजा अर्चना के लिए देश के आखिरी गांव माणा के लिए रवाना होंगे। भगवान बदरीनाथ के दर्शन के बाद वह माणा स्थित आइटीबीपी कैंप पहुंचेंगे। जहां वह आइटीबीपी अधिकारियों के साथ सीमा सुरक्षा को लेकर बैठक लेंगे। 30 सितंबर को चमोली जनपद के रिमखिम और फिर पिथौरागढ़ के लपथल जाकर सैन्य अफसरों के साथ सुरक्षा संबंधी बैठक करेंगे। एक अक्तूबर को केदारनाथ के दर्शन करने के बाद वह वापस लौट जाएंगे।
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