नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) ने उत्तराखंड के ऋषिकेश में गंगा तट के किनारे राफ्टिंग की अनुमति देने से इनकार कर दिया है।
जस्टिस यूडी साल्वी की अगुवाई वाली पीठ ने इस मामले में अपना जवाब दायर नहीं करने पर पर्यावरण व वन मंत्रालय और उत्तराखंड सरकार को फटकार लगाई और 7 अगस्त तक जवाब दाखिल करने को कहा।
अगली सुनवाई तक रोक
उत्तराखंड सरकार के नए लाइसेंस न जारी करने संबंधी 31 मार्च के बयान जिक्र करते हुए पीठ ने स्पष्ट किया कि अगली सुनवाई तक नए राफ्टिंग कैंप की अनुमति और उनके रिन्यूवल की अनुमति नहीं होगी।
पर्यावरण मंत्रालय को निर्देश
पीठ ने पर्यावरण मंत्रालय को निर्देश दिया कि वह राफ्टिंग कैंप के अंतर्गत होने वाली गतिविधियों की प्रकृति पर अपना पक्ष स्पष्ट करे। पीठ एनजीओ सोशल एक्शन फॉर फॉरेस्ट एंड इंवायरमेंट (सेफ) की ऋषिकेश राफ्टिंग कैंप में अनियमित गतिविधियों से जुड़ी याचिका पर सुनवाई कर रही थी।
याचिका में वन संरक्षण, पर्यावरण संरक्षण और जल (निवारण और प्रदूषण नियंत्रण) कानून के उल्लंघन की बात कही गई थी।