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हरिद्वारः अवैध शराब की तस्करी की सूचना पर पहुंचे पुलिसकर्मी को लोगों ने दौड़ा-दौड़ा कर पीटा

Wed, 26 Jun 2019 11:56 PM IST
Nirmala Suyal Nirmala Suyal न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हरिद्वार
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भीड़ द्वारा पुलिस कर्मी को पीटा गया - फोटो : अमर उजाला
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रानीपुर कोतवाली क्षेत्र की टिबड़ी बस्ती में मंगलवार रात को अवैध शराब की तस्करी की सूचना पर छापा मारने गई पुलिस पर लोगों ने हमला बोल दिया। इन लोगों का आरोप था कि पुलिस शराब का धंधा करने वालों को बढ़ावा दे रही है।

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कुछ लोगों ने एक कांस्टेबल की बुरी तरह से पिटाई कर वर्दी फाड़ दी। पुलिस ने महिला पार्षद निशा नौड़ियाल उसके पति राकेश नौड़ियाल समेत आठ लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जबकि पार्षद, उसका पति और एक अन्य आरोपी इंद्र सिंह हत्थे नहीं चढ़े।

जानकारी के अनुसार पुलिस कंट्रोल रूम को सूचना मिली कि शिवलोक टिबड़ी में देशी शराब से भरी काले रंग की स्कूटी को क्षेत्रवासियों ने कब्जे में ले लिया है जबकि तस्कर फरार हो गया। सूचना मिलते ही रानीपुर कोतवाली पुलिस रात 11 बजे मौके पर पहुंची। आरोप है कि मौके पर मौजूद पार्षद निशा नौड़ियाल और उसके पति राकेश नौड़ियाल ने भीड़ को उकसाते हुए पुलिस पर शराब माफिया को संरक्षण देने का आरोप लगाकर हंगामा कर दिया।
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देखते ही देखते पुलिस के साथ लोगों की नोकझोंक और धक्कामुक्की होने लगी। गालीगलौज करते हुए कांस्टेबल कैलाश सिंह पर भीड़ ने हमला बोलते बुरी तरह पिटाई कर दी। कांस्टेबल से मारपीट पर पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया।

आखिर दूसरे पुलिस कर्मी क्यों बने थे तमाशबीन

आनन फानन में कोतवाली प्रभारी शंकर सिंह बिष्ट और एसएसआई राकेश कुमार की अगुवाई में भारी पुलिस फोर्स मौके पर पहुंच गई। शहर के अन्य थाने और कोतवाली की फोर्स भी बुला ली गई। पुलिस ने कांस्टेबल को पीटने के आरोप में पार्षद के भतीजे रितेश, नितेश, उमेश कुमार, मदन और अंकित को गिरफ्तार कर लिया।

कांस्टेबल कैलाश सिंह की ओर से इस संबंध में लोकसेवक से मारपीट, गालीगलौज, हत्या की धमकी देने समेत प्रभावी धाराओं में मुकदमा दर्ज कराया गया है। कोतवाली प्रभारी शंकर सिंह बिष्ट ने बताया कि मामले में पांच आरोपी गिरफ्तार कर लिए गए हैं जबकि पार्षद, उसके पति और अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के प्रयास जारी हैं।

भीड़ में शामिल कुछ लोग जब कांस्टेबल कैलाश सिंह के साथ मारपीट कर रहे थे तब अन्य पुलिसकर्मी तमाशबीन बने थे। इन लोगों ने कांस्टेबल को पिटने से क्यों नहीं बचाया यह बड़ा सवाल है। वीडियो में ये लोग कांस्टेबल को बचाने के बजाय मोबाइल से वीडियो बनाते रहे। रात्रि अधिकारी महिला दारोगा रचना देवरानी, वाहन चालक अमित, चेतक सवार पुलिसकर्मी विक्रम सिंह और एक अन्य पुलिसकर्मी भी मौके पर मौजूद थे, लेकिन इन लोगों में से किसी ने भी कांस्टेबल को पिटने से नहीं बचाया।

कांस्टेबल को एक बुजुर्ग पीटता रहा और उसकी वर्दी तक फाड़ दी। कांस्टेबल ने आत्मरक्षा के लिए भी बुजुर्ग पर हाथ नहीं उठाया। वहीं, रानीपुर जैसी संवेदनशील कोतवाली में एक नई दरोगा को रात्रि अफसर बनाने पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं। एसएसपी जन्मेजय प्रभाकर खंडूड़ी का कहना है कि मामले की जांच कराई जाएगी कि अन्य पुलिसकर्मी उस समय क्या कर रहे थे।
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पिटाई का वीडियो वायरल

कांस्टेबल की पिटाई का वीडियो देर रात ही सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। वीडियो देहरादून में बैठे उच्चाधिकारियों तक पहुंचा तो उनकी भृकुटी तन गई। उन्होंने हरिद्वार पुलिस के अधिकारियों से घटनाक्रम की जानकारी ली और तुरंत सख्त कदम उठाने के निर्देश दिए। 

शराब तस्कर महिला की है स्कूटी
काले रंग की जिस स्कूटी से देसी शराब के 23 पव्वे मिले हैं, वह क्षेत्र की चर्चित भाजपा की महिला नेता की करीबी महिला की बताई जा रही है। उस पर भी शराब से धंधे जुड़ने का आरोप है। बताया जाता है कि उसी ने ही शराब मंगवाई थी। स्थानीय पुलिस की प्रारंभिक पड़ताल में यह बात सामने आई है।

पुलिस का कहना है कि स्कूटी के रजिस्ट्रेशन नंबर के आधार पर कार्रवाई होगी। फिर जब तस्कर पकड़ा जाएगा, तब उसके बयान के अनुसार यह सामने आएगा कि आखिर शराब की तस्करी कौन करा रहा था। दरअसल, यह स्कूटी जिस शराब तस्कर महिला की बताई जा रही है उसी की ही परिचित ने पार्षद पति के खिलाफ छेड़खानी का मुकदमा दर्ज कराया है।
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