शिक्षा विभाग में अब सात सौ से अधिक पदों पर सहायक अध्यापक और प्रवक्ताओं को प्रधानाध्यापक के पद पर तदर्थ प्रमोशन मिलेगा। राजकीय प्रधानाचार्य एसोसिएशन की मांग के बाद शासन की ओर से शिक्षा निदेशालय से इसका प्रस्ताव मांगा गया है।
प्रदेश के राजकीय इंटरमीडिएट कॉलेजों में प्रिंसिपलों के सात सौ से अधिक पद रिक्त हैं। मुख्यमंत्री हरीश रावत के निर्देश के बाद विभाग की ओर से इन पदों को भरने के लिए प्रिंसिपलों के पद पर तदर्थ प्रमोशन होने जा रहे हैं। हेडमास्टरों के तदर्थ प्रमोशन पाकर प्रिंसिपल बनने के बाद इनके स्थान पर हेडमास्टरों के सात सौ से अधिक पद खाली हो रहे हैं।
शिक्षा विभाग की ओर से इन पदों को भरने के लिए अब सहायक अध्यापक और प्रवक्ताओं को तदर्थ प्रमोशन दिए जाने की तैयारी है। राजकीय प्रधानाचार्य एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष सुरेंद्र सिंह बिष्ट ने कहा कि मामले को लेकर बृहस्पतिवार को एसोसिएशन का एक प्रतिनिधिमंडल शिक्षा निदेशक आरके कुंवर से मिला। शिक्षा निदेशक ने मामले में अपर शिक्षा निदेशक गढ़वाल व कुमाऊं से तदर्थ प्रमोशन पाने वाले सहायक अध्यापक एलटी व प्रवक्ताओं की गोपनीय आख्या मांगी है।
705 पदों पर प्रिंसिपलों के तदर्थ प्रमोशन के बाद इससे हेडमास्टरों के इतने ही पद खाली हो रहे हैं। विभाग की ओर से इन पदों पर सहायक अध्यापक व प्रवक्ताओं को तदर्थ प्रमोशन दिया जाएगा, शिक्षा निदेशालय की ओर से इसकी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
-एसएस बिष्ट, प्रदेश अध्यक्ष राजकीय प्रधानाचार्य एसोसिएशन