पर्वतांचल परिवार ने रविवार को उत्कृष्ट कार्य करने के लिए कथाशिल्पी लक्ष्मण सिंह बटरोही, उत्तराखंड आंदोलन के सेनानी रंजीत सिंह वर्मा, दैनिक प्रभात के संपादक जय सिंह रावत, मैती आंदोलन के प्रणेता कल्याण सिंह रावत, ग्लेशियर लेडी के नाम से मशहूर शांति ठाकुर, समाजसेवी कुंज विहारी नेगी, क्रिकेट खिलाड़ी एकता बिष्ट और ब्रेललिपि विशेषज्ञ पद्मभूषण कुंवर सिंह नेगी को पर्वतश्री पुरस्कार से सम्मानित किया।
दैवी आपदा के लिए मानव जिम्मेदार
मुख्य अतिथि श्रीदेव सुमन विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. उदय सिंह रावत ने कहा कि इस साल जो दैवी आपदा आई उसके लिए कुछ मानवजनित कारण भी थे। उनके विश्वविद्यालय ने राज्यपाल के निर्देश पर इस संबंध में देश-विदेश के वैज्ञानिकों की गोष्ठी आयोजित कर रिपोर्ट तैयार की है।
ब्रेल लिपि के विशेषज्ञ पद्मभूषण कुंवर सिंह नेगी ने उत्तराखंड राज्य के तेरह सालों के सफर को निराशाजनक बताया। पूर्व विधायक रणजीत सिंह वर्मा ने भी राज्य की राजनीतिक व्यवस्था पर चिंता व्यक्त की। मैती आंदोलन के प्रणेता कल्याण सिंह रावत ने पर्यटन और तीर्थाटन के घालमेल को चिंताजनक बताया।
हिमगिरि विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर एसके बागड़ी ने कहा कि समुद्र तल से ऊंचाई बढ़ने के साथ ही पर्यटन सर्किट तय होने चाहिए और ऊंचाई वाले इलाकों में वृहद पर्यटन के बजाए पारि पर्यटन को बढ़ावा दिया जाना चाहिए। पर्वतांचल के संपादक सुरेन रावत ने सभी अतिथियों और सम्मानित होने वाली प्रतिभाओं का आभार व्यक्त किया।