फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Patwari Paper Leak: रुड़की और देहात के कोचिंग सेंटर आए रडार पर, 31 अभ्यर्थियों को यहां कराया गया था पेपर हल

Fri, 13 Jan 2023 10:20 PM IST
रेनू सकलानी न्यजू डेस्क, अमर उजाला, देहरादून/रुड़की

सार

Patwari Paper Leak Uttarakhand: पटवारी पर्चा लीक मामले में कुछ कोचिंग संचालकों के पकड़े गए आरोपियों के संपर्क में रहने की आशंका है। रुड़की के पनियाला निवासी एक युवक को भी हिरासत में लिया गया है। एसटीएफ और पुलिस कुंडली खंगाल रही  है, जिससे कोचिंग संचालकों में खलबली मची है।
विज्ञापन
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : सोशल मीडिया
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

पटवारी पर्चा लीक मामले के तार रुड़की और देहात के कुछ कोचिंग सेंटरों से भी जुड़े होने की आशंका जताई जा रही है। आशंका को बल इसलिए भी मिल रहा है कि एसटीएफ ने रुड़की के पनियाला से भी एक युवक को भी शक के आधार पर हिरासत में लिया है। ऐसे में एसटीएफ और पुलिस की रडार पर कई कोचिंग सेंटर भी आ गए हैं। 

विज्ञापन


सरकारी विभागों में होने वाली भर्तियों में नकल हो या पेपर लीक का मामला। इन सभी के तार रुड़की क्षेत्र से जरुर जुड़े मिलते हैं। अब एक बार फिर पटवारी पर्चा लीक मामले का खुलासा हुआ है तो रुड़की क्षेत्र फिर से चर्चाओं में आ गया है। एसटीएफ ने पटवारी पर्चा लीक मामले में बृहस्पतिवार को लक्सर के सेठपुर गांव निवासी एक युवक को भी गिरफ्तार किया है। जबकि रुड़की के पनियाला रोड निवासी एक युवक को भी शक के आधार पर हिरासत में लिया है।

एसटीएफ की टीम युवक को अपने साथ देहरादून ले गई है और उससे गहनता से पूछताछ कर रही है। रुड़की के युवक को हिरासत और लक्सर के व्यक्ति की गिरफ्तारी के बाद शक के घेरे में विभिन्न परीक्षाओं की तैयारी कराने वाले कई कोचिंग सेंटर भी आ गए हैं।
विज्ञापन


आशंका जताई जा रही है कि कहीं न कहीं पर्चा लीक मामले के तार रुड़की और देहात के कुछ कोचिंग सेंटरों भी जुड़े हैं। आशंका यह भी जताई जा रही है कि कुछ कोचिंग सेंटर संचालक गिरफ्तार आरोपियों से संपर्क में थे। संचालकों ने अभ्यर्थियों से मोटी रकम लेकर पर्चा उपलब्ध कराया होगा। हालांकि, पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले को लेकर कोचिंग सेंटरों की जांच की जा रही है। पनियाला के युवक और लक्सर निवासी व्यक्ति के संपर्क में कौन-कौन लोग थे, इसकी भी बारीकि से जांच चल रही है।

2020 में वन आरक्षी भर्ती नकल का हुआ था खुलासा
वन विभाग में फॉरेस्ट गार्ड (वन आरक्षी) की 2020 में हुई भर्ती परीक्षा में भी संगठित तरीके से नकल कराई गई थी। रुड़की के एक कोचिंग सेंटर संचालक ने कुछ अभ्यर्थियों को डिवाइस देकर पेपर देने के लिए भेजा था। बाहर से कोचिंग सेंटर से जुड़े लोगों ने अभ्यर्थियों को सवालों के जवाब बताए थे। इस मामले में एसटीएफ ने रुड़की और पौड़ी में मुकदमे दर्ज कराए थे। जांच में पता चला था कि अभ्यर्थियों से पांच से आठ लाख रुपये तक लिए गए थे। 
 

देहरादून: 31 अभ्यर्थियों को बिहारीगढ़ के फार्म हाउस में कराया पेपर हल
एसटीएफ की जांच में अब तक 36 अभ्यर्थियों को पेपर हल कराए जाने की बात सामने आई है। इनमें से पांच अभ्यर्थियों को रामकुमार ने अपने रिश्तेदार के घर लक्सर में पेपर हल कराया। जबकि, 31 अभ्यर्थियों को बिहारीगढ़ के शिवालिक ब्रिक्स नाम के फार्म हाउस ले जाया गया था। सभी अभ्यर्थियों को यहां छह जनवरी की शाम को ले जाया गया। इसके बाद सात जनवरी शाम को सभी अपने-अपने वाहनों से घर चले गए। अगले दिन सभी अपने-अपने सेंटरों पर पेपर देने चले गए। एसटीएफ के अनुसार अन्य अभ्यर्थियों के बारे में भी जानकारी जुटाई जा रही है। हो सकता है कि इसमें और भी अभ्यर्थी शामिल हों।
विज्ञापन

क्या कब हुआ
- 08 जनवरी को पटवारी-लेखपाल भर्ती परीक्षा आयोजित हुई।
- 10 जनवरी को एसटीएफ को एक गोपनीय शिकायत मिली।
- 11 जनवरी की रात एसटीएफ लक्सर में राजपाल के घर पहुंची और उसे हिरासत में लिया।
- 12 जनवरी को आयोग के अनुभाग अधिकारी संजीव चतुर्वेदी और अन्य तीन को भी गिरफ्तार कर लिया।
- पूछताछ में पता चला कि पांच जनवरी को संजीव ने आयोग से सवालों वाले पेपर को चुराया था।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें