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महंगाई की मारः टमाटर फिर लाल, प्याज ने निकाले आंसू

Mon, 27 Nov 2017 06:19 PM IST
ब्यूरो/ अमर उजाला, देहरादून
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बढ़ रही हैं कीमतें
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पाले की वजह से टमाटर की फसल खराब होने और प्याज की जमाखोरी की वजह से दोनों सब्जियों के दामों ने एक बार फिर आसमान छू लिए हैं। टमाटर के दाम 35-40 रुपये प्रति किलो से 60 और प्याज के दाम 40 से 60 रुपये प्रति किलो पहुंच गए है।
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सब्जियों के दाम बढ़ने से रसोई का बजट बढ़ गया है। लोगों ने प्रशासन से प्याज की जमाखोरी पर रोक लगाने की मांग की है।

लाल पुल मंडी में सब्जी विक्रेता राहुल, दिनेश और गोपाल ने बताया कि टमाटर की पैदावार कर्नाटक, महाराष्ट्र और हिमाचल प्रदेश में होती है। महाराष्ट्र और हिमाचल प्रदेश में भारी बारिश व पाला पड़ने की वजह से टमाटर की फसल को नुकसान पहुंचा है।

जिस कारण टमाटर की आवक कम होने से दाम बढ़े हैं, वहीं प्याज की बड़ी मात्र में जमाखोरी करने की वजह से प्याज की कीमतों में बढ़ोतरी हुई है। बताया कि फुटकर में प्याज और टमाटर 60 रुपये प्रति किलो बेच रहे है। जबकि पिछले सप्ताह दोनों सब्जियों का दाम 35 से 40 रुपये प्रति किलो था।
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क्या कहती है गृहणियां
प्याज और टमाटर के लगातार दाम बढ़ने से थाली का स्वाद खराब हो गया है। हर हफ्ते सब्जियों के दाम बढ़ रहे हैं। थोक विक्रेता प्याज की जमाखोरी करते है, जिस पर लगाम लगनी चाहिए।  
- इंदू सकलानी, वसंत विहार

बिना प्याज और टमाटर के सब्जी में स्वाद ही नहीं आता है। मजबूरी में मंहगा प्याज और टमाटर लेना पड़ रहा है। पहले हम 2 किलो प्याज और टमाटर लेते थे, लेकिन अब आधा किलो में काम चला रहे है।
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- रूबी अली, सीमाद्वार
 
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