राष्ट्रीय अध्यक्ष फिरोज खान ने कहा कि एनएसयूआई चार प्रमुख मुद्दों पर इंकलाब शुरू कर रहा है। पहला मुद्दा है छात्रों के लिए नेशनल व स्टेट स्टूडेंट राइट कमीशन का। अगर किसी छात्र के कॅरियर के साथ सिस्टम की सुस्ती से खिलवाड़ होता है तो ऐसा आयोग होना चाहिए, जहां छात्र सीधे जाकर अपनी शिकायत दर्ज करा सके। इसके अलावा देश में छात्रसंघ चुनावों को लेकर नया कानून बनें, इसलिए भी आंदोलन होगा।
उन्होंने कहा कि जब विदेशों में युवा चुनाव लड़ सकते हैं तो यहां चुनाव लड़ने के लिए 25 साल की उम्र सीमा क्यों। उन्होंने कहा कि यहां चुनाव के लिए भी 18 साल की उम्र होनी चाहिए। इसी उम्र से विधायक और सांसद चुने जाने चाहिए। इसके अलावा देश के बेरोजगारों को प्रतिमाह बेरोजगारी भत्ता मिलना चाहिए। इन चार मुद्दों पर इंकलाब होगा। समारोह में पहुंचे कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष प्रीतम सिंह ने युवाओं को संगठित होकर निकाय चुनावों में भाजपा के खिलाफ काम करने का आह्वान किया।
प्रीतम सिंह ने कहा कि पीएम नरेंद्र मोदी ने युवाओं को बरगलाकर सत्ता पर कब्जा जमाया है। अब वक्त आ गया है कि हम एकजुट होकर इस झूठ का पर्दाफाश करें। सम्मेलन में पहुंचे पूर्व विधायक राजेंद्र सिंह भंडारी ने भी कहा कि चाय-पकौड़े बेचने वाली भाजपा की सरकार युवाओं को ठग रही है। उन्होंने एनएसयूआई से एकजुट होकर आंदोलन करने, लोगों तक यह झूठ पहुंचाने का आह्वान किया। सम्मेलन में नेता प्रतिपक्ष इंदिरा ह्दयेश ने भी युवाओं से एकजुट होने का आह्वान किया। इस मौके पर सुमित्तर भुल्लर, सन्नी मेहता, संग्राम सिंह पुंडीर, श्याम सिंह चौहान, कुलदीप कुमार, संदीप कुमार सहित भारी संख्या में एनएसयूआई पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे।