राज्य सरकार की गारंटी पर लेंगे लोन
मेट्रो रेल कारपोरेशन के अनुसार 100 फीसदी फंडिंग राज्य सरकार करेगी। लेकिन इसका माॅडल क्या होगा, यह अभी तय नहीं है। अब तक की तैयारी के अनुसार 40 प्रतिशत रकम राज्य सरकार से प्रोजेक्ट में निवेश कराने की तैयारी है, जबकि 60 प्रतिशत रकम राज्य सरकार की गारंटी पर लोन ली लाएगी। यह रकम हुडको, एलआईसी समेत ऐसी ही किसी एजेंसी से लेने की तैयारी है।
हाइब्रिड एन्युटी मॉडल पर अब नहीं होगा काम
अब तक यूएमआरसी हाइब्रिड एन्युटी मॉडल के विकल्प पर काम कर रहा था। इसमें परियोजना पर होने वाले खर्च का 40 प्रतिशत भुगतान सरकार को करना था, जबकि 60 फीसदी खर्च पीपीपी मोड में किसी निजी पार्टनर को वहन करना था। लेकिन इस प्राेजेक्ट के बजाए पूरी तरह सरकार इस प्रोजेक्ट को संभालेगी।
बोर्ड बैठक में यह तय किया गया है कि सरकार ही परियोजना का पूरा खर्च उठाएगी। अभी यह तय नहीं है कि सरकार का हिस्सा कितना होगा और लोन की रकम कितनी होगी। लेकिन लोन भी राज्य सरकार की गारंटी पर ही लिया जाएगा। - जितेंद्र त्यागी, एमडी, उत्तराखंड मेट्रो रेल कारपोरेशन
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ऐसा होगा नियो प्रोजेक्ट
पहला कॉरिडोर - आईएसबीटी से गांधी पार्क- 8.5 किमी.
दूसरा कॉरिडोर- एफआरआई से रायपुर- 13.9 किमी.