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प्रदेश की जनजातियों का अब होगाा संरक्षण और संवर्धन

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दून यूनिवर्सिटी में आयोजित कार्यक्रम में केंद्रीय मंत्री अर्जुन मुंडा को प्रतीक चिन्ह भेंट करत
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देहरादून। प्रदेश की सभी जनजातियों का अब संरक्षण और संवर्धन होगा। इसके लिए देहरादून में जनजातीय शोध संस्थान एवं संस्कृति केंद्र खुल गया है। बुधवार को इस केंद्र का लोकार्पण केंद्रीय जनजातीय कल्याण मंत्री अर्जुन मुंडा और मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने किया।
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इस अवसर पर केंद्रीय मंत्री अर्जुन मुंडा ने कहा कि राज्य में जनजाति क्षेत्रों के विकास से संबंधित जो भी योजनाएं राज्य सरकार द्वारा केंद्र सरकार को प्रेषित की जाएंगी, उनके क्रियान्वयन में केंद्र सहयोग देगी। यह शोध संस्थान राष्ट्रीय स्तर पर जनजाति विकास के लिए किए जा रहे प्रयासों, जनजाति समाज द्वारा देश के प्रति किए योगदान, मनोविज्ञान वेल्यूज एथिक्स आदि को संजोने का कार्य करेगा। ताकि हमारी भावी पीढ़ी अपने गौरवपूर्ण अतीत से परिचित हो सके। उन्होंने वन भूमि क्षेत्रों में निवास कर रहे लोगों के लिए माइक्रो प्लान तैयार करने एवं विलुप्त हो रही जनजाति प्रजातियों को संरक्षित करने पर भी बल दिया। सीएम त्रिवेंद्र सिंह रावत ने बताया कि अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति आश्रम पद्धति के छात्रों के भोजन भत्ते को 3000 रुपये प्रति माह से बढ़ाकर 4500 रुपये प्रति माह किया है। राज्य में आश्रम पद्धति के 16 राजकीय विद्यालय संचालित किए जा रहे हैं। जिनमें लगभग तीन हजार बच्चे पढ़ रहे हैं। उच्च शिक्षा राज्यमंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने कहा कि इस केंद्र के माध्यम से जनजातीय क्षेत्र के छात्रों को उच्च शिक्षा और स्किल्स से जुड़े पाठ्यक्रमों का भी लाभ दिया जाएगा। इस अवसर पर समाज कल्याण मंत्री यशपाल आर्य ने एकलव्य विद्यालयों के विकास के लिए चार-चार करोड़ रुपये बजट की मांग रखी। कार्यक्रम में दिलीप रावत, चंदनराम दास, मुकेश कोली, दीपक खांडेकर, एल फैनई, राम विलास यादव, सुरेश चंद्र जोशी आदि मौजूद रहे।
जयहरीखाल में बनेगा आवासीय विद्यालय
मुख्यमंत्री ने बताया कि जयहरीखाल (जिला पौड़ी) में आवासीय विद्यालय बनेगा। इस विद्यालय में प्रतिमाह आईएएस, आईएफ एस, आईपीएस और सैन्य अधिकारी बच्चों को पढ़ाने जाएंगे। विद्यालय में 85 प्रतिशत उत्तराखंड और 15 प्रतिशत दूसरे राज्यों के बच्चे पढ़ेंगे। यह अगले वर्ष से शुरू हो जाएगा। इसमें अभिभावकों की आय के हिसाब से शुल्क का निर्धारण किया जाएगा।
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टॉपर बच्चे करेंगे देश का भ्रमण
मुख्यमंत्री प्रतिभा प्रोत्साहन योजना के तहत टॉपर 25 बच्चों को सभी कोर्सेज में 50 प्रतिशत फीस की स्कॉलरशिप दी जाएगी। इसके अलावा 10वीं के टॉपर 25 बच्चों को भारत भ्रमण कराया जाएगा, जिसमें हवाई यात्रा भी शामिल है।
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