नेस्ले और अमर उजाला की ओर से पर्यावरण संरक्षण अभियान की शुरुआत
प्लास्टिक को न जलाएं, न मिट्टी में दबाएं। इससे पर्यावरण को बचाएं। इसी संदेश के साथ नेस्ले-अमर उजाला दो मिनट सफाई के नाम अभियान शुरू हो गया। अभियान के तहत बाबा फरीद इंस्टीट्यूट और डॉल्फिन पीजी इंस्टीट्यूट में जागरुकता कार्यक्रम आयोजित किए गए।
बाबा फरीद इंस्टीट्यूट में हुए कार्यक्रम में वेस्ट वॉरियर्स के चीफ ऑपरेशंस ऑफिसर अविनाश प्रताप सिंह ने कहा कि आज प्लास्टिक ही पर्यावरण के लिए सबसे बड़ा खतरा है। उन्होंने कहा कि प्लास्टिक को प्रतिबंधित करना इसलिए जरूरी है क्योंकि इस वजह से न केवल पर्यावरण प्रदूषण हो रहा है बल्कि इको-सिस्टम भी प्रभावित हो रहा है।
प्लास्टिक पर लगाम लगाने के लिए जरूरी है कि हम अपनी आदतें सुधारें। खुद प्लास्टिक के इस्तेमाल पर लगाम लगाएं। दूसरी ओर, डॉल्फिन पीजी इंस्टीट्यूट में भी नेस्ले-अमर उजाला दो मिनट सफाई के नाम कार्यक्रम आयोजित किया गया।
यहां आए वेस्ट वॉरियर्स के मैनेजर आउटरीच पार्टनरशिप नवीन कुमार सदाना ने कहा कि कचरे को तीन भाग में विभाजित किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि इससे न केवल घरों में कूड़े का सही तरीके से निपटान होगा बल्कि क्षेत्र में भी स्वच्छता बनी रहती है।
कूड़े को जलाने, दबाने या ढेर लगाने से पर्यावरण को भारी नुकसान होता है। बुधवार को कार्यक्रम शिवालिक कॉलेज में होगा।