आठ लोगों के बारे में जानकारी दी गई: आपदा प्रबंधन एवं पुनर्वास सचिव
उत्तराखंड आपदा प्रबंधन एवं पुनर्वास सचिव विनोद कुमार सुमन ने बताया कि नेपाल में बने संकट को लेकर राज्य कंट्रोल रूम और जिलों की ओर से जारी हेल्पलाइन नंबरों पर अब तक छह फोन कॉल प्राप्त हुई हैं। इन कॉल के जरिए कुल आठ लोगों के बारे में जानकारी दी गई है।
उन्होंने बताया कि इन आठ लोगों में तीन उत्तराखंड के, दो अमेरिका के, एक कनाडा और दो मुंबई के निवासी हैं। इनके परिवार के सदस्यों या करीबी रिश्तेदारों ने उत्तराखंड से हेल्पलाइन पर संपर्क किया है। संबंधित अधिकारियों को आवश्यक जानकारी भेजी जा रही है। हालांकि, अभी तक ऐसी कोई कॉल नहीं मिली है, जिससे यह पता चले कि नेपाल में फंसे लोग उत्तराखंड के निवासी हैं।
सुमन ने बताया कि उत्तराखंड के कई जिलों में भारी बारिश हो रही है और आने वाले दिनों में भी मौसम खराब रहने की संभावना है। 29 अगस्त को बागेश्वर और पिथौरागढ़ में ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। 30 अगस्त को सभी जिलों के लिए येलो अलर्ट है।
उन्होंने बताया कि 31 अगस्त को चमोली, बागेश्वर, नैनीताल और देहरादून में ऑरेंज अलर्ट है। वहीं, 1 सितंबर को देहरादून और टिहरी में ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। मौसम को देखते हुए सभी जिलों को एडवाइजरी जारी कर लोगों से सतर्क रहने की अपील की गई है।
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नेपाल में महिला लापता, मदद मांगी
नेपाल में आयी आपदा में एक ब्रिटिश नागरिक मीना गुप्ता लापता हो गई है। तलाश के लिए राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र से महिला के धारचूला के रहने वाले प्रधान संगठन ब्लॉक (धारचूला) के अध्यक्ष चंचल धामी ने मदद मांगी है। चंचल धामी ने बताया कि मीना गुप्ता के भाई संजीवनी गुप्ता पहले धारचूला में एनएचपीसी में कार्यरत थे, तब से उनसे परिचय है। उनकी बहन मीना गुप्ता बीते दिनों नेपाल ईशा फांडेशन के साथ एक ग्रुप में आयी थी। इसमें 77 सदस्य थे। मीना गुप्ता की अपनी मां से 25 अगस्त को जीरॉन्ग इमीग्रेशन सेंटर से आखिरी बार बात हुई थी, उसके बाद से उनसे कोई संपर्क नहीं हो सका है, उनकी तलाश के लिए परिवार के सदस्यों ने उनसे संपर्क किया था। उन्होंने आपदा प्रबंधन विभाग से मीना गुप्ता की तलाश करने में मदद मांगी है।