टर्नर रोड पर महिला से जेवर लूटने के बाद भाग रहे बदमाश ने लोडेड पिस्तौल पुलिसकर्मियों पर तान दी। बावजूद इसके चौकी प्रभारी और उनके साथियों ने बदमाश को दबोच लिया लेकिन उनकी इस बहादुरी पर पिस्तौल चोरी की पड़ताल में लापरवाही भारी पड़ गई। यही कारण कि आईएसबीटी चौकी प्रभारी को पुलिस कप्तान ने तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया।
दरअसल, लूट के बाद बदमाश लोगों को पिस्तौल दिखाकर डराते हुए भाग रहा था। पुलिस को सूचना मिल चुकी थी तो आईएसबीटी पर चौकी प्रभारी विवेक राठी और उनकी टीम ने भी चेकिंग शुरू कर दी। पता चला कि वह कैंसर अस्पताल के पास त्रिमूर्ति विहार से आईएसबीटी की ओर आ रहा है। इस पर चेकिंग के दौरान राठी और उनके साथ मौजूद सिपाही फरमान दिल्ली रूट के प्लेटफार्म पर मौजूद वॉल्वो बस के पास पहुंचे। उन्हें बताया गया कि एक संदिग्ध अभी बस में चढ़ा है। उसके पास बैग और पिस्तौल है।
अंदर पहुंचे राठी और फरमान ने उसे चेतावनी दी लेकिन बदमाश ने उन पर पिस्तौल तानकर ट्रिगर दबा दिया। इस बीच पिस्तौल की मैग्जीन नीचे खिसक गई। ऐसे में गोली चेंबर में नहीं पहुंची और फायर होने से बच गया। मौका पाते ही दोनों ने बदमाश को पकड़ लिया। यहां तक तो राठी और उनकी टीम की बहादुरी के चर्चे थे लेकिन जैसे ही पता चला कि पिस्तौल चोरी की है और इसकी सूचना तीन दिन पहले से पुलिस के पास है तो कप्तान का पारा चढ़ गया। पुलिस कप्तान डीआईजी जन्मेजय खंडूड़ी ने बताया कि पिस्तौल चोरी की पड़ताल ठीक तरह से न करने पर आईएसबीटी चौकी प्रभारी विवेक राठी को निलंबित कर दिया गया है।
पुलिस कह रही अब मिली पिस्तौल चोरी की तहरीर
पिस्तौल चोरी की सूचना तीन दिन पहले आ चुकी थी लेकिन आईएसबीटी चौकी पर इसकी तहरीर नहीं आई थी। चूंकि, आईएसबीटी रिपोर्टिंग चौकी नहीं है तो मामला दर्ज होने के लिए थाने ही जाता। ऐसे में तहरीर देरी से आई या फिर थाने या कहीं और दबाई गई इसकी जानकारी कोई नहीं दे रहा है। अब लूट की घटना के बाद पुलिस ने आननफानन पिस्तौल चोरी का मुकदमा भी दर्ज कर लिया।