फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

हाईकोर्ट ने जारी किया मुख्य सचिव और कृषि सचिव को अवमानना नोटिस, पढ़ें पूरा मामला

Tue, 30 Oct 2018 08:50 AM IST
न्यूज डेस्क/अमर उजाला, नैनीताल
विज्ञापन
नैनीताल उच्च न्यायालय - फोटो : file photo
विज्ञापन

हाईकोर्ट ने किसानों से संबंधित समस्याओं के समाधान को लेकर पूर्व में दिए गए आदेश का पालन नहीं किए जाने पर मुख्य सचिव उत्पल कुमार और कृषि सचिव डी सेंथिल पांडियन को अवमानना नोटिस जारी कर 14 नवंबर तक जवाब दाखिल करने के निर्देश दिए हैं। 

विज्ञापन


कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश राजीव शर्मा एवं न्यायमूर्ति शरद कुमार शर्मा की खंडपीठ के समक्ष मामले की सुनवाई हुई। पूर्व में कोर्ट ने राज्य में किसान आयोग गठित करने और सभी फसलों का न्यूनतम समर्थन मूल्य घोषित करने आदेश दिया था।

ऊधमसिंह नगर निवासी याची गणेश उपाध्याय ने अवमानना याचिका दायर कर कहा था कि सरकार ने कोर्ट के आदेश का पालन नहीं किया। हाईकोर्ट ने आत्महत्या करने वाले किसानों के परिवारों के लिए मुआवजे की योजना बनाने के लिए भी सरकार को तीन माह का समय दिया था। लेकिन, सरकार ने अब तक योजना नहीं बनाई। 
विज्ञापन


याची के मुताबिक हाईकोर्ट के निर्णय के बाद प्रदेश में दो और किसानों आत्महत्या की। इन आत्महत्याओं के लिए भी सरकार को जिम्मेदार माना जाए। सरकार ने मानसून सत्र के दौरान विधानसभा में 20 दिन के भीतर किसानों को सभी फसलों के बकाया भुगतान करने की घोषणा की थी।

उस घोषणा पर भी अब तक अमल नहीं किया गया है। अभी तक गन्ने का तीन अरब 66 करोड़ 26 लाख 19 हजार रुपये का बकाया भुगतान भी नहीं किया गया है। काशीपुर गन्ना फैक्ट्री का 2007- 08 और 2011-12 का 25 करोड़ भुगतान भी नहीं किया गया है।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें