इस रेल लाइन के बनने से देहरादून से काठगोदाम के बीच रेल से दूरी 50 किलोमीटर कम हो जाएगी। यही नहीं इस लाइन के बन जाने से राजधानी देहरादून से हल्द्वानी के बीच रेल यात्रा का समय भी लगभग डेढ़ से दो घंटे कम हो सकता है। वर्तमान में देहरादून-काठगोदाम रेलमार्ग मुरादाबाद, रामपुर ओर बिलासपुर होकर जाता है। रेल मार्ग पर ट्रैफिक अधिक होने से ट्रेन को कई घंटे इंतजार करना पड़ता है।
इस रेल लाइन के लिए 1250 करोड़ रुपयों का खर्चा आएगा। उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में कई और ऐसे विषय और विकास योजनाएं हैं, जिनकी जानकारी वे सार्वजनिक करेंगे। गौरतलब है कि बलूनी पिछले दिनों ही लंबी बीमारी से लड़कर वापस सक्रिय राजनीति में लौटे है।