एसएसपी ने शिकायत को गंभीरता से लेते हुए एसपी सिटी ममता वोहरा की अगुवाई में जांच कमेटी गठित की थी। कमेटी ने महिला कांस्टेबल और आरोपित एएसपी परीक्षित कुमार के बयान भी दर्ज कर लिए थे। मीडिया में इस प्रकरण की गूंज होने पर एएसपी को अभिसूचना मुख्यालय देहरादून संबद्ध कर दिया गया था।
कमेटी अभी किसी नतीजे पर पहुंच पाती इससे पहले ही रविवार को पीड़िता ने जांच कमेटी से मिलकर लिखित में अपनी बात उनके सामने रखी। उन्होंने लिखित में दिया कि यदि एएसपी अपनी गलती स्वीकार करते हुए उनसे माफी मांग मांगते हैं तो वह शिकायत पर कोई कार्रवाई नहीं चाहेंगी।
महिला कांस्टेबल के लिखित बयान सामने आते ही एएसपी परीक्षित कुमार जांच कमेटी के समक्ष पेश हुए। उन्होंने लिखित में माफी मांगने के साथ ही भविष्य में इस तरह की पुनरावृत्ति न करने, पीड़िता पर किसी तरह का दबाव न बनाने और उनसे कोई संपर्क न रखने की बात कही।
एएसपी के लिखित बयान से संतुष्ट पीड़िता ने इस संबंध में कार्रवाई न करने की बात जांच कमेटी को लिखकर दे दी। इधर जांच कमेटी ने अपनी रिपोर्ट में एएसपी के गलत आचरण को लेकर उनके खिलाफ यथोचित कार्रवाई की संस्तुति उच्चाधिकारियों से की है। एसएसपी जन्मेजय प्रभाकर खंडूड़ी ने जांच रिपोर्ट मिलने की पुष्टि की है।