देहरादून। एमबीबीएस इंटर्न के स्टाइपेंड में बढ़ोतरी के बाद उन्होंने तो अपनी हड़ताल खत्म कर दी लेकिन पीजी और सीनियर रेजिडेंट डॉक्टर अभी भी अपनी मांगों के लिए अड़े हुए हैं। उन्होंने मांगें पूरी न होने पर इमरजेंसी सेवाओं से खुद को अलग करने की चेतावनी दी है।
गौरतलब है कि पिछले चार दिनों से एमबीबीएस इंटर्न के साथ पीजी और सीनियर रेजिडेंट डॉक्टर अपने वेतन को अन्य राज्यों की तर्ज पर बढ़ाने की मांग कर रहे थे। पीजी डॉक्टरों की मांग है कि उनका वेतन 64 हजार रुपये से बढ़ाकर 1.10 लाख रुपये किया जाए। जबकि सीनियर रेजिडेंट डॉक्टर अपना वेतन 84 हजार रुपये से 1.40 लाख करने की मांग कर रहे थे। इंटर्न का स्टाइपेंड बढ़ाने पर तो निर्णय हो गया लेकिन पीजी और सीनियर रेजिडेंट डॉक्टरों के वेतन में बढ़ोतरी नहीं की गई। इस पर पीजी डॉक्टर अभिजीत राठी ने कहा कि जब तक उनकी मांगों को पूरा नहीं किया जाता वे धरना खत्म नहीं करेंगे। सरकार ने अगर कोई सकारात्मक निर्णय नहीं लिया तो वे आंदोलन को तेज करने के लिए बाध्य होंगे। कहा कि आने वाले समय में इमरजेंसी सेवाएं भी नहीं देंगे। इस दौरान डॉ. आसना पंत, मोहसिन रजा, डॉ. कंचन, डॉ. आमिर मौजूद रहे।