-जिम, पंचकर्म एवं क्लब की दुकानें बंद रहेंगी।
-सभी शैक्षणिक, प्रशिक्षण, कोचिंग संस्थान आदि।
-होटल एवं आतिथ्य सेवाओं से संबंधित गतिविधियां।
-सिनेमा हॉल, मॉल, व्यायाम शाला, स्वीमिंग पूल, मनोरंजन पार्क, थिएटर, बार एवं ऑडोटोरियम, असेंबली हॉल।
-दुकानों/निजी कार्यालयों / प्रतिष्ठानों में सेंट्रलाइज्ड एसी का प्रयोग वर्जित रहेगा।
-सामाजिक, राजनीतिक, मनोरंजन, शैक्षणिक, सांस्कृतिक, धार्मिक कार्य।
-धार्मिक स्थल /पूजा स्थल जनता के लिए प्रतिबंधित रहेंगे। धार्मिक समारोह नहीं होंगे।
-सार्वजनिक स्थानों पर मदिरा, पान गुटखा, तंबाकू का सेवन प्रतिबंधित रहेगा।
आबकारी आयुक्त से वार्ता के बाद भी एक बार फिर शराब कारोबारी दुकानें बंद रखने के निर्णय पर अडिग हैं। कारोबारियों के मुताबिक आयुक्त ने 10 दिन का आश्वासन देकर दुकानें खोलने के लिए कहा है, लेकिन कारोबारी इससे सहमत नहीं हैं।
बता दें कि शुक्रवार को कारोबारियों ने अनिश्चितकालीन बंदी की चेतावनी दी थी। कारोबारियों की मांग है कि उनका 22 मार्च से 31 मार्च तक का अधिभार माफ किया जाए। इसके अलावा कोविड टैक्स हटाया जाए और अधिभार बिक्री के हिसाब से लिया जाए न कि टारगेट के अनुसार।
शराब कारोबारी इससे पहले दो बार बंदी की चेतावनी दे चुके हैं। मामले को लेकर रविवार को फिर से आबकारी आयुक्त से वार्ता की। कारोबारियों का कहना है कि सरकार द्वारा उनकी मांगों पर ध्यान नहीं दिया जा रहा है। लिहाजा, सोमवार को वे अपनी दुकानें बंद रखेंगे।