राजधानी दून के आईएमए के गोल्फ कोर्स में लगाए गए क्लच वायर में रविवार सुबह एक गुलदार का शावक फंस गया। सूचना पर पहुंचे वन विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों ने मशक्कत के बाद शावक को सुरक्षित बाहर निकला।
हालांकि इसके लिए उन्हें शावक को बेहोशी का इंजेक्शन लगाना पड़ा। शावक के पैर में हल्के जख्म पाए गए हैं। शावक को उपचार के लिए वन विभाग के रेस्क्यू सेंटर भेजा गया है।
हड़कंप मच गया
रविवार सुबह करीब आठ बजे आईएमए के गोल्फ कोर्स में लगे क्चल वायर में एक गुलदार को फंसा देखा गया तो हड़कंप मच गया।
गोल्फ कोर्स के पास ही एफआरआई का भी परिसर है। गुलदार फंसा होने की जानकारी मिलते ही दोनों संस्थानों में हड़कंप मच गया। बहुत से लोग देखने के लिए पहुंच गए लेकिन आईएमए ने उधर किसी को जाने ही नहीं दिया। गुलदार के क्लच वायर में फंसने की सूचना तत्काल वन विभाग के अधिकारियों को दी गई।
मौके पर पहुंचे वन विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों ने शावक को बेहोशी का इंजेक्शन लगाकर मुश्किल से बाहर निकाला।
शावक की उम्र करीब तीन साल बताई जा रही है। एफआरआई के जनसंपर्क कार्यालय के वीरेंद्र सिंह रावत ने बताया कि गुलदार आईएमए के तार बाड में फंसा था। एफआरआई और उसके आसपास अक्सर गुलदार आते रहते हैं। इससे पहले एफआरआई परिसर में गुलदार ने एक गाय को अपना निवाला बना लिया था।
तीन साल पहले भी क्लच वायर में फंसा था गुलदार
तीन साल पहले भी आईएमए में लगाए गए क्लच वायर में फंसकर एक गुलदार की मौत हो गई थी। तब आईएमए ने कहा था कि आफिसर्स की ट्रेनिंग के लिए क्लच वायर लगाया गया था। इस फिर वन विभाग ने मौके से क्लच वायर बरामद किया है। बार बार एक ही तरह की घटनाएं होने से आईएमए की कार्यप्रणाली पर सवाल उठने लगे हैं। वन विभाग ने आईएमए से कोबरा सांप भी बरामद कर चुका है।