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मां की गोद से तीन साल के बच्चे को उठा ले गया तेंदुआ, क्षत-विक्षत हालत में पड़ा मिला शव

Sun, 29 Sep 2019 10:04 AM IST
अलका त्यागी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
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तेंदुए ने बच्चे को बनाया निवाला - फोटो : अमर उजाला
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उत्तराखंड में तेंदुए का आतंक कम होने का नाम नहीं ले रहा है। पिथौरागढ़ के बेड़ीनाग बेड़ीनाग के जाख गांव के मनेत तोक में मां की गोद से तेंदुआ बच्चे को छीन ले गया। मां और परिजनों के शोर मचाने पर ग्रामीणों ने तेंदुए के पीछा किया तो वह 250 मीटर दूर बच्चे को छोड़कर भाग गया।

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आनन-फानन में ग्रामीण बच्चे को लेकर बेड़ीनाग सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। बच्चे की मौत से परिजनों में कोहराम मचा है और वन विभाग के प्रति लोगों में आक्रोश भी है। वन विभाग ने गांव में पिंजरा लगा दिया है।  

शुक्रवार रात करीब 8:20 बजे कांडा किरोली के पास स्थित जाख गांव के मनेत तोक में हेमा कार्की पत्नी रमेश कार्की तीन वर्षीय बच्चे नैतिक को गोद में लिए नीचे कमरे में जा रही थी। उनके एक हाथ में बच्चे के लिए दूध का ग्लास था। हेमा जैसे ही आंगन की बिजली का स्विच बंद करके कमरे में जा रही थीं, वैसे ही घात लगाए तेंदुए ने हमला कर उनकी गोद से बच्चा छीन लिया और भाग गया।
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मां के चीखने पर नैतिक के पिता रमेश सिंह, दादा, दादी और अन्य ग्रामीण तेंदुए के पीछे भागे। घर से करीब 250 मीटर की दूरी पर तेंदुआ बच्चे को छोड़ भाग गया। ग्रामीण बच्चे को लेकर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचे जहां डॉक्टरों उसे मृत घोषित कर दिया। सूचना मिलने पर वन क्षेत्राधिकारी जगदीश चंद्र जोशी भी मौके पर पहुंचे। तेंदुए ने बच्चे की गर्दन पर वार किया था। 

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दो बहनों का इकलौता भाई था नैतिक 

तेंदुए के हमले में मारे गए तीन साल के मासूम नैतिक के पिता रमेश कार्की दिल्ली में एक कंपनी में काम करते हैं। नैतिक से बड़ी दो बहने हैं। इन दिनों रमेश भी घर आए हुए हैं। रमेश के माता-पिता भी घर पर ही हैं। हेमा ने कभी सोचा भी नहीं था कि तेंदुआ उसके लाड़ले के लिए घात लगाए बैठा है। हादसे के बाद मां-पिता, दादा-दादी बेसुध हैं। नैतिक की दोनों बहनें बार-बार भाई को पुकार रही हैं। 

काफी बड़ा है तेंदुआ 
वन क्षेत्राधिकारी जगदीश चंद्र जोशी के नेतृत्व में शनिवार को एक टीम गांव पहुंची और तेंदुए को पकड़ने के लिए पिंजरा लगाया। जोशी ने बताया कि तेंदुआ काफी बड़ा बताया जा रहा है। टीम ने उसके पद चिन्ह तलाशने की कोशिश की लेकिन बारिश के चलते सफलता नहीं मिली। टीम ने जंगल में सर्च अभियान भी चलाया। टीम में वन दरोगा हयात सिंह, गंगा सिंह, वन रक्षक भरत सिंह, दिनेश चौहान शामिल रहे। 

डीडीहाट के हाट गांव के गधेरे में मृत मिला तेंदुआ
हाट गांव स्थित चरमा गाड़ में मादा तेंदुए का शव उतराता मिला। सूचना पर पहुंची वन विभाग की टीम ने शव को कब्जे में लिया। रविवार को तेंदुए का पोस्टमार्टम कराया जाएगा। इसके बाद ही तेंदुए की मौत का स्पष्ट कारण पता चल पाएगा।  तेंदुए की उम्र डेढ़ से दो वर्ष के बीच बताई जा रही है। हाट गांव निवासी नंदू शनिवार दोपहर में नहाने के लिए चरमा गाड़ में गया था।

उसे पानी में तेंदुआ उतराता हुआ दिखाई दिया। उसके शोर मचाने पर ग्रामीण मौके पर पहुंचे और वन विभाग को भी सूचना दी गई। उप रेंज हरीश चंद्र सती टीम के साथ मौके पर पहुंचे और उन्होंने तेंदुए को बाहर निकाला। उप रेंज सती ने बताया कि मृत तेंदुआ मादा है। उन्होंने आशंका जताई है कि संभवत बीमारी से तेंदुए की मौत हुई होगी। 
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