पिटाई का शिकार बिलाल निवासी सब्जी मंडी रोड सहारनपुर शनिवार को कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज करा दी। मुकदमे में रजनी रावत, आकाश, सुषमा, कविता, सिमरन, चाइना, नीलम, रेशमा, शारदा, चंचल, नेहा, नगमा और कंगना को आरोपी बनाया है।
आरोप लगाया कि वे 22 सितंबर 2016 को अपने एक साथी के साथ लैला-मंजनू बनकर देहरादून आया था। कारगी चौक पर रजनी रावत के चेले उन दोनों को उठाकर ले गए, जहां पर नंगा कर उन्हें कुत्ते की चेन से बांधा गया। गर्म चिमटे लगाने के साथ उनके ऊ पर कुत्ते छोडे़ गए। आरोप लगाया कि रजनी रावत ने मुंह खोलने पर परिवार समेत जान से मारने की धमकी दी थी।
ट्रांसजेंडर अजय पाल उर्फ तेजजस्या नाथ ने आरोप लगाया कि रजनी रावत खुद को दोहरी नागरिकता जी रही है। कुछ बरस पहले रजनी रावत नेपाल से यहां आई थी। किन्नरों पर वर्चस्व कायम करने को रजनी अपने चेलों की मदद से हमले कराने के साथ यातनाएं देती है। बधाई मांगने पर किन्नरों को खुलेआम धमकी दी जाती है। उनकी मांग थी कि रजनी रावत के खिलाफ कानून कार्रवाई करने के साथ दूसरे किन्नरों को सुरक्षा प्रदान की जाए। रजनी रावत के लिंग परिवर्तन की जांच कराने की मांग की गई है।