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पौड़ी में भारी बारिश ने मचाई तबाही: बुरांसी में भू-धंसाव से दो महिलाओं की मौत, थलीसैंण में पांच मजदूर लापता

Wed, 06 Aug 2025 01:43 PM IST
रेनू सकलानी संवाद न्यूज एजेंसी, पौड़ी (श्रीनगर)

सार

पौड़ी जिले के बुरासी गांव में दर्दनाक हादसा हो गया। भूस्खलन की चपेट में आने से दो महिलाओं की मौत हो गई। 
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पौड़ी में भारी भूस्खलन से दो महिलाओं की मौत - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
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विस्तार
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पिछले 24 घंटों से लगातार हो रही बारिश ने पौड़ी, पाबौ और थलीसैंण में जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। भारी बारिश के कारण पाबौ में हुए भूं-धंसाव से दो महिलाओं की मौत हो गई। जबकि थलीसैंण ब्लॉक में गदेरा उफान पर आने से पांच नेपाली मजदूर लापता हो गए।

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मंगलवार सुबह से शुरू हुई बारिश बुधवार दोपहर तक जारी रही। जिससे पाबौ विकासखंड के बुरांसी गांव में अचानक भू-धंसाव हो गया। इस दौरान एक आवासीय भवन इसकी चपेट में आ गया। भवन की दीवार और छत ढहने से आशा देवी (55) और विमला देवी (58) की मौत हो गई। जबकि कई मवेशी भी दब गए। इसके अलावा थलीसैंण ब्लॉक के बाकुड़ा गांव में गदेरे का जलस्तर बढ़ने से पांच नेपाली मजदूर तेज बहाव में बह गए। जिला प्रशासन ने रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू कर दिया है। मुख्यालय पौड़ी के बैंज्वाड़ी गांव में भी एक आवासीय भवन भूस्खलन की चपेट में आ गया, जिसके बाद वहां के निवासियों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया है।

कलगड़ी पुल ढहने से कई गांवों का संपर्क कटा
भारी बारिश के चलते पश्चिमी नयार नदी के उफान पर आने से बुआखाल-रामनगर राष्ट्रीय राजमार्ग 121 पर स्थित कलगड़ी का पुल ढह गया है। क्षेत्रवासियों के अनुसार, यह पुल थलीसैंण और पाबौ विकासखंडों को मुख्यालय पौड़ी से जोड़ता था, जिसके ढह जाने से इन क्षेत्रों के कई गांवों का संपर्क पूरी तरह से कट गया है। ऐसे में आने वाले दिनों में ग्रामीणों को बड़ी परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है। बारिश में भू-धंसाव की चपेट में आने से एक मकान ढह गया। इसमें एक ही परिवार की दो महिलाओं की मौत हो गई। परिवार के अन्य लोग सुरक्षित हैं। प्रशासन की टीम बचाव कार्य में जुटी है। नुकसान का आकलन किया जा रहा है। -स्वाति एस भदौरिया, डीएम पौड़ी
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थलीसैंण ब्लॉक के बाकुना मासौं क्षेत्र के पास बह रहे गदेरे के अचानक उफान पर आने से पांच नेपाली मजदूर बह गए हैं। जबकि तीन मजदूर घायल हुए हैं। यह जगह तहसील मुख्यालय से करीब 50 किमी दूर है। सड़कें और संपर्क मार्ग टूटने के कारण प्रशासन की टीम मौके पर पहुंच नहीं पाई है। टीम के पहुंचते ही राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया जाएगा। 
- करिश्मा जोशी, तहसीलदार

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बारिश से यह नुकसान भी हुआ
- सैंजी ग्राम सभा के कोठला गांव में पेयजल लाइन पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गई है।
- बुधवार सुबह से ही क्षेत्र में बिजली और मोबाइल नेटवर्क ठप पड़े हुए हैं।
- पाबौ के कलुण व खातस्यूं पट्टी के क्यार्द गांव में कई आवासीय भवन खतरे में हैं। प्रभावित परिवारों को प्राथमिक विद्यालय में शिफ्ट किया गया है।

रैदुल क्षेत्र में राहत कार्य जारी, डीएम भी पहुंची
तहसील के रैदुल क्षेत्र में भूस्खलन की सूचना मिलने पर जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया ने तुरंत मौके का निरीक्षण किया। उन्होंने भूस्खलन को हटवाकर सड़क मार्ग को फिर से खुलवाया।

इस दौरान उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रभावित परिवारों को राहत केंद्रों में ठहराया जाए। उनके लिए भोजन, इमरजेंसी लाइट, जीवन रक्षक दवाएं और पशुओं के लिए चारे की व्यवस्था तुरंत की जाए। राजस्व विभाग के अधिकारी रैदुल सहित अन्य प्रभावित क्षेत्रों में हुए नुकसान का जल्द से जल्द सर्वे करके रिपोर्ट दें। जिलाधिकारी ने बताया कि पौड़ी के बुरासी और थलीसैंण के बांकुड़ा गांवों में भी हुए नुकसान का आकलन युद्धस्तर पर किया जा रहा है। बंद पड़े मोटर मार्गों को खोल दिया गया है और बाकी को प्राथमिकता के आधार पर खोलने का काम जारी है।

डीएम ने दिए ये निर्देश
- पशुधन हानि के मामलों में प्रभावितों को तुरंत पशु चिकित्सा सेवाएं और अन्य सहायता दी जाए।
- जहां भी ग्रामीणों को खतरे की आशंका हो, उन्हें सुरक्षित स्थानों पर शिफ्ट किया जाए।
- ग्राम विकास अधिकारियों और ग्राम पंचायत विकास अधिकारियों को स्थिति सामान्य होने तक प्रभावित क्षेत्रों में डटे रहने को कहा गया है।
- राजस्व, पुलिस, लोक निर्माण, विद्युत, खाद्य एवं रसद विभाग के अधिकारियों को प्रभावित क्षेत्रों में तैनात किया गया है।

असुरक्षित सड़कों पर आवाजाही में सावधानी बरतने के निर्देश
लगातार हो रही भारी बारिश से जिले के कई मोटर मार्ग क्षतिग्रस्त हो गए हैं। जिलाधिकारी ने लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) और प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (पीएमजीएसवाई) के अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वे असुरक्षित जगहों पर चेतावनी चिह्न लगाएं, ताकि किसी भी तरह की जनहानि को रोका जा सके।

मुख्यमंत्री धामी ने पौड़ी में आपदा राहत कार्यों का जायजा लिया
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने पौड़ी जिले में हुई प्राकृतिक आपदा के संबंध में जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया से फोन पर बातचीत कर राहत और बचाव कार्यों की जानकारी ली।

जिलाधिकारी ने मुख्यमंत्री को बताया कि लगातार हो रही बारिश से कुछ क्षेत्रों में मुश्किलें आ रही हैं, लेकिन सभी विभाग आपसी समन्वय से काम कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि स्वास्थ्य दल मेडिकल किट के साथ प्रभावित क्षेत्रों के लिए रवाना कर दिए गए हैं। लोक निर्माण विभाग बाधित हुई सड़कों को खोलने में जुटा है। कुछ स्थानों को छोड़कर बाकी सभी प्रभावित क्षेत्रों में राहत दल पहुंच चुके हैं। जहां सड़कें क्षतिग्रस्त हैं वहां राहत दल वैकल्पिक रास्तों या पैदल ही पहुंचने की कोशिश कर रहे हैं। जिलाधिकारी ने मुख्यमंत्री को बुरांसी और बांकुड़ा गांवों में हुई जान-माल की हानि की सूचना भी दी। मुख्यमंत्री धामी ने निर्देश दिए कि प्रभावित परिवारों को किसी भी तरह की कमी न हो और उन्हें तत्काल आवश्यक वस्तुएं उपलब्ध कराई जाएं। उन्होंने राज्य सरकार की ओर से हर संभव मदद का आश्वासन भी दिया।
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