बता दें कि 13 जुलाई, 2023 को बाढ़ व भूकटाव से क्षतिग्रस्त हुआ 325 मीटर स्पान का मालन पुल 26.75 करोड़ की लागत से बनकर तैयार हुआ है। बाढ़ व कटाव को देखते हुए इसके सभी 12 पिलरों को वेल तकनीक से बनाया गया है। इससे पूर्व आईआईटी बीएचयू के वैज्ञानिकों की ओर से मालन पुल पर बढ़ते वाहनों के दबाव, नदी के बहाव को देखते हुए पुल के सभी 12 पिलरों को वेल (कुंआ) तकनीक से बनाने की संस्तुति की गई थी।
मालन पुल पर कुल 13 स्लैब थे। जिसमें एक स्लैब तब नदी में गिरने से टूट गया था। उसे नया बनाया गया। बाकी 12 स्लैब लिफ्ट व शिफ्ट तकनीक से हटाकर सुरक्षित रखे गए हैं। जिन्हें नए बने पिलरों पर शिफ्ट किया गया। एक स्लैब की लंबाई 25 मीटर व चौड़ाई करीब सात मीटर है। वजन भी 800 टन है, ऐसे में इन्हें दिल्ली मैट्राे पैनल की तर्ज पर लिफ्ट व शिफ्ट किया गया।