उन्होंने बताया कि चारों 5 मई को उरई, जालौन उत्तरप्रदेश स्थित अपने घर से बिना बताए निकल आए थे। चौकी प्रभारी यशपाल ने बताया कि बच्चों के पास न तो परिजनों का फोन नंबर था और न ही लौटने के लिए पैसे। इसके बाद उत्तर प्रदेश के उरई थाना पुलिस से संपर्क कर बच्चों के परिजनों तक सूचना पहुंचाई गई।
परिजनों ने बताया कि बच्चों के अचानक घर से गायब होने के बाद वे बेहद परेशान थे और लगातार उनकी तलाश कर रहे थे। एसपी निहारिका तोमर ने बताया कि जब तक परिजन रुद्रप्रयाग नहीं पहुंचे तब तक चारों बच्चों के रहने और भोजन की व्यवस्था की गई। मंगलवार को परिजनों के पहुंचने पर सभी बच्चों को सकुशल उन्हें सौंप दिया गया।