दुनियाभर में हिंदू धर्म की महिलाएं जहां धूमधाम से करवा चौथ का व्रत रखती हैं तो वहीं उत्तराखंड के रुड़की में त्यागी समाज के एक गोत्र विशेष (बिकवान भारद्वाज) के करीब 500 परिवारों में यह व्रत नहीं रखा जाता है। खास बात यह है कि ये परंपरा हाल फिलहाल से नहीं बल्कि 300 वर्षों से चली आ रही है।
त्यागी कल्याण एवं विकास समिति रुड़की के कोषाध्यक्ष प्रदीप त्यागी ने बताया कि उत्तराखंड उत्तरप्रदेश के बॉर्डर पर स्थित त्यागी समाज के बाहुल्य वाले खाई खेड़ी, घुमावटी, फलौदा, बरला, छपार, खुड्डा, कुतुबपुर, भैसानी समेत 12 गांवों में 300 वर्षों से करवाचौथ का व्रत नहीं रखा जाता। इन गांवों से भारद्वाज बीकवान गोत्र के करीब 500 परिवार रुड़की शहर में आकर बसे हैं।