सूचना मिलने पर तहसीलदार भगवान सिंह चौहान, सीओ विजय थापा, तल्लीताल के थानाध्यक्ष विजय मेहता और उपनिरीक्षक दलीप कुमार और दीपक बिष्ट ने मौके पर पहुंचकर दुकानदार साह से जानकारी ली। इस दौरान व्यापारियों ने अभद्रता करने वाले कथित न्यायाधीश के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। मौके पर मौजूद अधिकारियों ने किसी तरह व्यापारियों को शांत किया, लेकिन व्यापारियों ने तल्लीताल बाजार बंद का आह्वान कर दिया और देखते ही देखते तल्लीताल बाजार बंद हो गई।
पुलिस के समझाने पर खोला जाम
बाजार बंद करने के बाद सभी व्यापारी डांठ में एकत्रित हुए और अभद्रता करने वाले न्यायाधीश के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। शाम 7:25 बजे के करीब व्यापारियों ने तल्लीताल में सांकेतिक रूप से जाम लगा दिया। पुलिस अधिकारियों के समझाने के बाद व्यापारियों ने दस मिनट के अंतराल में ही जाम खोल दिया। इस दौरान मौके पर पहुंचे राज्य आंदोलनकारी मोहन पाठक ने भी व्यापारियों के उत्पीड़न का विरोध करते हुए मामले में कार्रवाई की मांग की।
देर शाम आठ बजे के करीब तय किया कि तल्लीताल व्यापार मंडल इस मामले को गंभीरता से लेते हुए शनिवार को हाईकोर्ट के रजिस्ट्रार जनरल को लिखित पत्र देकर संबंधित न्यायाधीश के खिलाफ कार्रवाई की मांग करेगा। कार्रवाई की मांग करने वाले व्यापारियों ने तल्लीताल व्यापार मंडल अध्यक्ष भुवन लाल साह, मारुति साह, मल्लीताल व्यापार मंडल अध्यक्ष किशन सिंह नेगी, सभासद मोहन नेगी, राजेंद्र मनराल, ममता जोशी, संजय साह, विक्की राठौर, घनश्याम बेलवाल, विक्की लामा, नासिर खान, हेमंत रूबाली, सनी रवेल, रवेल सिंह आनंद, भय्यू सती समेत दर्जनों व्यापारी शामिल थे।