ये चिह्नित चार स्थान
1- कोटी फार्म: जोशीमठ से लगभग 12 किमी दूर कोटी फार्म के लिए औली से सड़क कटती है। यहां राजस्व की भूमि उपलब्ध है।
2- ढाक गांव: मलारी रोड पर स्थित ढाक गांव जोशीमठ से करीब 12 किमी की दूरी पर स्थित है। यहां राजस्व की भूमि उपलब्ध है।
3- पीपलकोटी: जोशीमठ से करीब 36 किमी दूर पीपलकोटी में भी सरकारी जमीन उलब्ध है।
4- एचआडीआई की भूमि: जोशीमठ से करीब नौ किमी दूर जड़ी-बूटी शोध संस्थान (एचआडीआई) की भूमि है।
आपदा प्रभावित के विस्थापन के लिए जीएसआई की रिपोर्ट के आधार पर फिलहाल चार स्थानों पर भूमि का चयन कर लिया गया है। इसके अलावा भी अन्य स्थानों पर भूमि की संभावनों को तलाशा जा रहा है। फिलहाल कोटी फार्म की भूमि पर तीन प्री-फेब्रीकेटिड डेमोस्ट्रेशन भवन बनाए जा रहे हैं।
- डॉ. रंजीत सिन्हा, सचिव अपादा प्रबंधन विभाग