सोशल मीडिया में जैसे ही ये वीडियो वायरल हुआ, सियासी पारा चढ़ने लगा। तरह-तरह की चर्चाएं तेज हो गईं। अब सबकी निगाहें महिला के दूसरे वीडियो पर है। बता दें कि बोलने वाली महिला जेनी ही है या नहीं, इसकी अमर उजाला पुष्टि नहीं करता।
हरक को डीएनए टेस्ट में मिल चुकी क्लीन चिट
वर्ष 2003 में असम की जेनी ने तत्कालीन राजस्व मंत्री हरक सिंह रावत पर अपने बच्चे का पिता होने का आरोप लगाया था, जिससे उत्तराखंड की सियासत में तूफान आ गया था। हरक ने मंत्री पद से इस्तीफा देते हुए कहा था कि जब तक वह बेदाग साबित नहीं होंगे, तब तक सदन में लौटकर नहीं आएंगे। बाद में एनडी तिवारी की संस्तुति पर सीबीआई ने जांच शुरू की थी। डीएनए टेस्ट में हरक सिंह को क्लीन चिट मिली थी और बाद में जेनी के पते व मोबाइल नंबर फर्जी पाए गए थे।