भारत तिब्बत सीमा पुलिस अकादमी के परेड ग्राउंड में भव्य परेड और शपथ ग्रहण के बाद 134 नव सैन्य अधिकारी बल की मुख्य धारा में शामिल हुए।
प्रशिक्षण के दौरान सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले जनपद चमोली निवासी उपनिरीक्षक सुनील कुमार मुलेठा एवं वाह्य प्रशिक्षण में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले औरंगाबाद, महाराष्ट्र निवासी उपनिरीक्षक अनिल कुमार सिंह को पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया।
मुख्य अतिथि अकादमी के निदेशक आईजी, पद्मश्री हरभजन सिंह ने परेड का निरीक्षण किया और सलामी ली। परेड की कमान एसआई जीडी मनोज कुमार ने संभाली। हरभजन सिंह ने कहा आईटीबीपी देश के अर्धसैनिक बलों में अग्रणी है, इसी कारण जिम्मेदारी बढ़ गई है।
एकेडमी के निदेशक ने कहा कि आईटीबीपी की जिम्मेदारी बढ़ गई है। उन्होंने अपेक्षा की कि नव सैन्य अधिकारी बल की गरिमा बनाए रखेंगे एवं विषम परिस्थितियों में चुनौतियों का सामना धैर्य एवं कुशलता से करेंगे। अकादमी के उपनिदेशक डीआईजी दविंदर सिंह ने सभी का स्वागत किया।
उत्तराखंड से सबसे ज्यादा अफसर
एकेडमी से सबसे ज्यादा 43 अधिकारी उत्तराखंड से रहे। वहीं एकेडमी से पास आउट होने वाले अन्य अफसरों में बिहार से 16, हरियाणा से 13, जम्मू व कश्मीर से 02, राजस्थान से 11, उत्तर प्रदेश से 30, अरुणाचल प्रदेश से 2, हिमाचल प्रदेश से 6, आसाम से 1, महाराष्ट्र से 1, तमिलनाडु से 2, पश्चिम बंगाल से 3 एवं उड़ीसा से 4 अफसर बल में शामिल हुए।
तीन पीढ़ियों से देशसेवा
प्रशिक्षण के दौरान ओवरआल सर्वश्रेष्ठ प्रशिक्षणार्थी का पुरस्कार पाने वाले सुनील मलेठा चमोली जनपद के कोबा गांव निवासी हैं। सुनील का परिवार तीन पीढ़ियों से देशसेवा कर रहा है। सुनील ने बताया उनके दादा जी फौज में रहे। पिता बीआरओ में कार्यरत हैं और अब उन्हें देशसेवा का अवसर मिला है।
प्रशिक्षार्थियों ने किया प्रदर्शन
परेड में एसी राजश्री रावत एवं एसी खान फहद ने आंखों देखा हाल सुनाया। बल के ब्रास बैंड एवं पाइप बैंड ने मनमोहक प्रस्तुति दी। जूडो कराटे का अद्भुत प्रदर्शन किया। अधिकारियों एवं परिजनों ने नव सैन्य अफसरों के कंधों पर सितारे सजाए।