हरिद्वार के लंढौरा में मजदूरी मांगने पर मारपीट करने और जिंदा जलाने के आरोपों से प्रशासन में हड़कंप मच गया। प्रशासन ने तुरंत आनन-फानन में आरोपो की जांच की तो मामला गलत निकला।
एएसडीएम मोहम्मद नासिर के निर्देश पर तहसीलदार प्रकाश शाह के नेतृत्व में प्रशासनिक टीम बुधवार को क्षेत्र के एक कोल्हू पर पहुंची। यहां टीम ने मजदूर के पैसे मांगने पर उसे जलाने के आरोपों की जांच शुरू की।
तहसीलदार ने बताया कि मौके पर कई ग्रामीणों को बुलाकर जांच की गई तो पता चला कि कोल्हू पर न तो किसी ऐसे नाम के मजदूर ने काम किया है और न ही कोल्हू पर किसी को जलाने का प्रयास किया गया है।
एक व्यक्ति का चल रहा इलाज
तहसीलदार ने बताया कि वैसे जिस व्यक्ति का नाम नाम सामने आ रहा है, उसका अस्पताल में उपचार तो चल रहा है, लेकिन उसके साथ क्या हुआ इसकी जांच का काम पुलिस का है।
उन्होंने बताया कि जांच रिपोर्ट एएसडीएम को दे दी जाएगी। झबरेड़ा के रहने वाले एक मजूदर के परिजनों ने आरोप लगाया था कि कोल्हू संचालक ने उसे जलाने का प्रयास किया।