भारतीय महिला क्रिकेट टीम की खिलाड़ी मानसी जोशी ने कहा कि बीसीसीआई से यदि उत्तराखंड को एफिलेशन मिल जाए तो क्रिकेट में और भी प्रतिभाएं सामने आ सकती हैं। अन्य खेलों और क्षेत्रों में भी तमाम ऐसी प्रतिभाएं हैं जिन्हें निखारने की जरूरत है, लेकिन उन्हें आगे बढ़ने का मौका नहीं मिलता।
शुक्रवार को भारतीय महिला क्रिकेट टीम की बॉलर मानसी जोशी शुक्रवार को आनंदस्वरूप सरस्वती विद्या मंदिर पहुंची। इस स्कूल में वह नौंवीं तक पढ़ी थी। यहां उन्होंने पहले अपने गुरुजनों से मुलाकात की।
उसके बाद विद्यालय की छात्र-छात्राओं से बातचीत कर अपने अनुभव साझा किए। छात्र-छात्राओं से मानसी जोशी ने कहा कि सपने जरूर देखें और उन्हें हकीकत में बदलने का तब तक प्रयास करें जब तक हासिल न कर लें।
हार के बाद भी मीडिया ने बढ़ाया मनोबल
वर्ल्ड कप के फाइनल में भारतीय टीम की हार पर उन्होंने कहा कि क्रिकेट में कुछ निश्चित नहीं होता, लेकिन वर्ल्ड कप के फाइनल में हार से उन्हें बहुत कुछ सीखने को मिला। कहा, हमारे देश की जनता और मीडिया ने हार के बाद भी टीम का मनोबल गिरने नहीं दिया, जिसके कारण टीम में शामिल खिलाड़ी निराश नहीं हुए।
वर्ल्ड कप में भारतीय टीम के सभी महिला खिलाड़ी अच्छा खेले, लेकिन खिलाड़ी मानसिक रूप से उतने मजबूत नहीं थे जितने होने चाहिए थे। मैच के दौरान दो खिलाड़ियों का रन आउट होना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण रहा।
उसके बाद पूरी टीम दबाव में आ गई। इस अवसर पर मानसी के कोच विरेंद्र सिंह रौतेला, प्रबंधक डा. अनिल शर्मा, प्रधानाचार्य राजीव गुप्ता, उप प्रधानाचार्य मोहन सिंह मटियानी आदि मौजूद रहे।