फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Ima Pop 2020: देश की निगहबानी को तैयार 333 भावी सैन्य अफसर, आर्मी चीफ जनरल नरवणे लेंगे परेड की सलामी

Thu, 11 Jun 2020 09:04 PM IST
अलका त्यागी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून

सार

  • 13 जून होगी होगी आईएमए की पासिंग आउट परेड
  • बृहस्पतिवार को चेटवुड भवन के ड्रिल स्क्वायर पर की कदमताल
  • कमानडेंट ले. जनरल जेएस नेगी ने किया परेड का निरीक्षण और ली सलामी
विज्ञापन
सेनाध्यक्ष मनोज मुकुंद नरवणे - फोटो : फाइल फोटो
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

देश के 333 भावी सैन्य अफसर देश की सरहद की निगहबानी के लिए तैयार हैं। आईएमए में बृहस्पतिवार को जब इन कैडेटों ने कदमताल किया तो उनके कदमों की ध्वनि व दस्ते देख हर कोई प्रभावित हुए नहीं रह सका। हर किसी ने इन जांबाज अफसरों को सलाम किया। कैडेट्स की परेड का निरीक्षण कमान्डेंट लेफ्टि. जनरल जेएस नेगी ने किया और उनकी सलामी ली।

विज्ञापन


चेटवुड भवन के ड्रिल स्क्वायर में आयोजित रेगुलर, टेक्निकल कोर्स और स्पेशल एंट्री सहित मित्र राष्ट्रों के कैडेट्स ने कमानडेंट परेड में हिस्सा लिया। कमानडेंट ले. जनरल जेसए नेगी ने कैडेट्स से भारतीय सेना की उच्च परंपरा को बनाए रखने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि कैडेट्स भारतीय सेना के मूल्यों एवं आदर्शों को जीवन में आत्मसात कर मिसाल पेश करें। अफसर बनने के साथ ही उनके ऊपर कई अहम जिम्मेदारियां भी आएंगी। इसलिए उन्हें सेना के मूल्यों पर खरा उतरना है।

उन्हें एक लीडर के रूप में भी खुद को साबित करना होगा। अपने सैनिकों को साथ लेकर चलना सबसे अहम है। अगर आप जवानों को अपनी योग्यता दिखाते हैं तो वह सदैव आपका सम्मान करेंगे। विदेशी 90 कैडेटों को भी उन्होंने बधाई दी।

विज्ञापन
विज्ञापन

सेनाअध्यक्ष जनरल नरवणे लेंगे परेड की सालामी

कड़े प्रशिक्षण में खरा उतरने के बाद अब जांबाज कैडेट्स 13 जून को अंतिम पग भरेंगे। इसके साथ वह भारतीय सेना का हिस्सा बनेंगे। परेड में सेनाध्यक्ष जनरल मनोज मुकुंद नरवणे बतौर रिव्यूइंग ऑफिसर भाग लेंगे।

इस बार 333 भारतीय और 90 विदेशी कैडेट आईएमए से प्रशिक्षण पूरा कर भारतीय सेना और विदेशी कैडेट अपने देशों की कमान संभालने को तैयार होंगे। ऐसा पहली बार होगा जब कैडेट बिना अपने माता-पिता और रिश्तेदारों के बगैर अंतिम पग भरेंगे। परेड भी कैडेट मुंह पर मास्क पहनकर करेंगे।

पीपिंग में निभाई जाएगी गुरु शिष्य परंपरा
कोरोना महामारी की वजह से इस बार पीओपी में माता-पिता को नहीं बुलाया जाएगा। परेड के बाद होने वाले पीपिंग सेरेमनी में माता-पिता ही कैडेट्स के कंधों पर सितारे सजाते हैं, लेकिन इस बार ऐसा नहीं होगा। इस बार गुरु शिष्य परंपरा के अनुसार प्रशिक्षक कैडेट के कंधों पर सितारे सजाएंगे।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें