होली के दिन 21 मार्च को वह अपने कमरे मृत मिला था। मृतक के जीजा गंभीर सिंह कठैत ने बताया कि अजय के एक साथी प्रदीप नेगी ने उसी दिन कॉल करके इस घटना की जानकारी दे दी थी।
प्रदीप के अनुसार, वह दोनों लोग एक कमरे में रहते थे। 21 मार्च की तड़के तीन बजे वह होटल से काम करके लौटे थे। सुबह 10 बजे जब नींद खुली, तो उसने अजय को मृत अवस्था में पाया।
उन्होंने बताया कि होटल मालिक उसका शव हवाई जहाज से दिल्ली तक भिजवा रहा है। मृतक के घर में उसके माता-पिता और बड़े भाई का रो-रोकर बुरा हाल है। अजय अविवाहित था और पहली बार विदेश गया था।