इतना हुआ नुकसान
आग से सीटीआर एवं दो अन्य कमरों में उपकरण फुंक गए। इसके अलावा शौर्य पैनल की केबल भी जल गई। आग से लगभग एक करोड़ रुपये के उपकरण फुंके हैं। साथ ही लगभग 40 हजार मोबाइल, 3500 लैंडलाइन और 1400 ब्रॉडबैंड कनेक्शन समेत लगभग 45 हजार उपभोक्ताओं की सेवाएं ठप हो गई हैं।
कॉलिंग से लेकर इंटरनेट सेवाएं भी हुईं बंद
हादसे के बाद रविवार दोपहर में बीएसएनएल की सभी सेवाएं अचानक ठप हो गईं। काफी देर तक जब सेवाएं दोबारा शुरू नहीं हुई तो लोगों ने एक-दूसरे को फोन कर वजह पूछी। कुछ लोगों ने बीएसएनएल के कर्मचारियों को फोन किया, लेकिन अधिकतर कर्मचारियों के पास बीएसएनएल के कनेक्शन होने के कारण बात नहीं हो सकी। ऐसे में यह स्थिति क्यों बनी, इसे लेकर दिनभर चर्चा होती रही।
सेवाएं शुरू होने में लगेगा एक-दो दिन का समय
बीएसएनएल नैनीताल मंडल के प्रबंधक विनोद भसीन ने बताया कि काफी उपकरण फुंक गए हैं। मरम्मत कराने का प्रयास किया जा रहा है। अगर उपकरणों की मरम्मत हो गई तो सोमवार से सेवाएं शुरू की जा सकेंगी। अगर नया सेटअप लगाना पड़ा तो दो दिन का समय लग सकता है। हल्द्वानी से ट्रांसमिशन टीम को बुलाया गया है।
बैंक से लेकर सरकारी और निजी कार्यालयों में कामकाज ठप
सरोवर नगरी हेड ऑफिस से जुड़े सभी एक्सचेंज में बीएसएनएल सेवाएं पूरी तरह ठप हो गईं हैं। ऐसे में सरकारी कार्यालयों के साथ ही निजी कार्यालयों में भी कामकाज ठप हो गया है। बैंक, एलआईसी, कलक्ट्रेट समेत लीज लाइन से जुड़े सभी कार्यालयों में इंटरनेट सेवाएं ठप हो गई हैं। रविवार का दिन होने के कारण अधिकतर ऑफिस बंद थे, लेकिन सोमवार को इंटरनेट से जुड़े सभी काम ठप रहेंगे। प्रशासनिक वेबसाइट एनआईसी भी प्रभावित रहेगी। बीएसएनएल के अधिकारी, कर्मचारी रविवार देर शाम तक वैकल्पिक रास्ता निकालने का प्रयास करते रहे, लेकिन समाधान नहीं हो सका।