सोल घाटी की लाइफ लाइन कही जाने वाली थराली-डुंगरी-घाट सड़क 15 दिनों से बंद होने के कारण गांवों में राशन की किल्लत होने लगी है। स्थिति यह है कि ग्रामीणों को नमक, तेल सहित जरूरी सामान के लिए 60 किमी की दूरी नापनी पड़ रही है।
क्षेत्र के रमेश, जयबीर, सुरेश व बीरेंद्र ने कहा कि गांवों में स्थित दुकानों में भी सामान समाप्त हो गया है। साथ ही बीमार और गर्भवती महिलाएं स्वास्थ्य केंद्र नहीं पहुंच पा रही हैं। कहा कि सड़क की स्थिति इतनी खराब है कि घोड़े-खच्चर भी नहीं जा पा रहे हैं। लोग किसी तरह चट्टानों और खाई से होते हुए 30 किमी की दूरी तय कर थराली बाजार पहुंच रहे हैं और लौटते समय भी 30 किमी की ही दूरी तय करनी पड़ रही है। उन्होंने कहा कि यदि जल्द सड़क नहीं खुली तो क्षेत्र में खाद्यान्न संकट हो सकता है। उन्होंने पीएमजीएसवाई से जल्द सड़क खोलने की मांग की।
वहीं आदिबदरी में सुगडबैंड-सिलपाटा मोटर मार्ग पर मलबा आने के कारण पांच दिनों से यातायात ठप है। सड़क बंद होने से छिमटा, सिलपाटा, प्यूंरा, पज्याणा, लंगटाई सहित 10 गांवों के लोगों को आदिबदरी आने के लिए 9 किलोमीटर का पैदल सफर करना पड़ रहा है। वहीं पीएमजीएसवाई के एई सचिन कुमार का कहना है कि प्यूंरा के पास सड़क का एक बड़ा हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया है। जेसीबी लगातार मलबा मार्ग खोलने के प्रयास जारी है।