प्रदेश सरकार नौ फरवरी को सैकड़ों की संख्या में तैयार योजनाओं का उद्घाटन और नई योजनाओं का शिलान्यास करने जा रही है।
मुख्यमंत्री हरीश रावत ने मंत्रियों की पुरानी जिला प्रभारियों की व्यवस्था में परिवर्तन किया है। उम्मीद जताई जा रही है कि भविष्य में मंत्रियों को इन्हीं जिलों की जिम्मेदारी भी सौंपी जा सकती है।
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हालांकि जो नौ फरवरी का जो कार्यक्रम तैयार किया गया है उसमें मंत्री अमृता रावत और सुरेन्द्र राकेश फिलहाल शामिल नहीं हैं।
विधानसभा अध्यक्ष होंगे शामिल
बताया जा रहा है कि सुरेन्द्र राकेश की तबीयत और अमृता रावत के प्रदेश में मौजूद न होने के कारण उन्हें इस कार्यक्रम में शामिल नहीं किया गया है। जबकि विधानसभा अध्यक्ष गोविंद सिंह कुंजवाल और उपाध्यक्ष अनसूया प्रसाद मैखुरी को भी इस काम में शामिल किया गया है।
146 करोड़ की योजनाओं का उद्घाटन
जानकारी के मुताबिक सरकार करीब 146 करोड़ रुपए की योजनाओं का उद्घाटन करने जा रही है जो तैयार हैं। वहीं करीब 1027 करोड़ की योजनाओं को शिलान्यास होना हैं।
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चूंकि इतनी बड़ी संख्या में योजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास एक दिन में होना है इसलिए मंत्रियों को संबंधित जिलों में रहना होगा।
किसके जिम्मे क्या?
मंत्री इंदिरा ह्दयेश गृह जिले नैनीताल के साथ हरिद्वार की योजनाओं का भी उद्घाटन एवं शिलान्यास करेंगी। यशपाल आर्य देहरादून और ऊधमसिंह नगर में होंगे। उनके साथ ऊधमसिंह नगर में मंत्री प्रसाद नैथानी को रखा गया है।
हरक सिंह रावत को टिहरी और रुद्रप्रयाग की जिम्मेदारी सौंपी गई है। पौड़ी और अल्मोड़ा की जिम्मेदारी एसएस नेगी को दी गई हैं हालांकि गोविंद सिंह कुंजवाल भी अल्मोड़ा में मौजूद होंगे।
चकराता और उत्तरकाशी में प्रीतम सिंह, पिथौरागढ़ और चंपावत में मंत्री दिनेश अग्रवाल उद्घाटन एवं शिलान्यास करेंगे। प्रीतम सिंह पंवार के साथ अनसूया प्रसाद मैखुरी चमोली जिले में मौजूद रहेंगे। हरीश चंद्र दुर्गापाल को बागेश्वर की जिम्मेदारी सौंपी गई है।