आईएमएस यूनिसन विश्वविद्यालय के चौथे दीक्षांत समारोह में नौ छात्र-छात्राओं को गोल्ड मेडल से नवाजा गया जबकि 600 को डिग्रियां प्रदान की गईं। वर्चुअल दीक्षांत समारोह में ऑनलाइन मौजूद रहीं मुख्य अतिथि राज्यपाल बेबी रानी मौर्य ने छात्रों का हौसला बढ़ाया।
वर्चुअल दीक्षांत समारोह में केवल मेडलिस्ट छात्रों को ही बुलाया गया था। राज्यपाल ने कहा कि कहा कि वर्तमान समय में भारत की भूमिका शिक्षा जगत में अत्यंत महत्वपूर्ण है। नई शिक्षा नीति को प्रभावी रूप से लागू करने में शिक्षण संस्थानों को प्रभावी भूमिका निभानी होगी।
उन्होंने कहा कि छात्रों को प्रधानमंत्री के ‘आत्मनिर्भर भारत’ अभियान को सफल बनाने के लिए पहल करनी होगी। इस मौके पर कुलपति प्रो.गौतम सिन्हा ने कहा कि विवि उच्च शिक्षा के क्षेत्र में नित नए आयाम गढ़ रहा है। कुलाधिपति प्रो. गुरदीप सिंह ने कहा कि दीक्षांत के बाद ही असल पढ़ाई शुरू होती है। इस अवसर पर दीक्षांत स्मारिका का विमोचन किया गया।
इस मौके पर एलएलएम के श्वेता तोमर, एमबीए की स्वर्णा गुप्ता, एमए (पत्रकारिता एवं जनसंचार) के अखिलेश नौटियाल, बीए (एलएलबी) (आनर्स) की आशना परासर, बीबीबीए (एलएलबी) (आनर्स) की सौम्या सहाय, बीबीए की दीपिका यादव, बीकॉम (आनर्स) की मान्या गुप्ता, बीए (पत्रकारिता एवं जनसंचार) की नेहा खेमका एवं आईएमबीए की विभूती उप्रेती को मुख्य अतिथि ने स्वर्ण पदक प्रदान किए। इस मौके पर विश्वविद्यालय प्रशासक मंडल के चेयरमैन अमित अग्रवाल, उप कुलपति प्रो. रविकेश श्रीवास्तव, कुलसचिव कर्नल प्रणव कुमार आदि मौजूद रहे।