एसएसपी ने बताया कि महिला ने पूछताछ में अपना असली नाम रूबीना अख्तर निवासी मुरदपुर रोड थाना श्यामपुर मॉडल स्टेशन ढाका बांग्लादेश बताया है। रूबीना अपने पहले पति भोजलू से हुए बेटे को पांच वर्ष की उम्र में चोरी-छिपे भारत ले आई थी। भारत में रहते हुए उसने संतोष प्रसाद दुबे निवासी ग्राम बमरोली थाना बिलसंडा जिला पीलीभीत यूपी से शादी की और उससे उसकी एक तीन साल की बेटी भी है।
बताया कि संतोष ने फर्जी दस्तावेज बनवाकर रूबीना का नाम और पता भारतीय रिकॉर्ड में दर्ज करवाया। झोपड़ी की तलाशी में फर्जी आधार कार्ड, पैन कार्ड की छायाप्रतियां और एक प्रार्थना पत्र भी मिला है। रूबीना ने भारत की नागरिकता की कोशिश के लिए प्रार्थना पत्र भी भेजे थे। मोबाइल जांच में भी पता चला कि रूबीना आईएमओ एप के जरिए अपने बांग्लादेश में मौजूद भाई और पिता से संपर्क में थी।
रूबीना को अवैध रूप से भारत में रहने और संतोष प्रसाद दुबे को फर्जी दस्तावेज तैयार करने और शरण देने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। महिला अपने 15 वर्षीय बेटे को भी बांग्लादेश से लेकर आई थी। किशोर को भी संरक्षण में लिया गया है। कोतवाली प्रभारी रितेश शाह ने बताया कि दोनों आरोपियों को कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया गया है।