विकासनगर तहसील के अंतर्गत झाझरा सुद्धोवाला में आपदा प्रबंधन विभाग को आवंटित करीब 70 बीघा भूमि पर अवैध कब्जों की शिकायत के बाद शासन-प्रशासन की नींद टूटी है। शासन के निर्देश पर अब जाकर जिला प्रशासन ने अवैध कब्जों को चिह्नित करने और ध्वस्तीकरण का निर्णय लिया है।
करीब 11 साल पहले भाजपा शासनकाल में आपदा प्रबंधन विभाग को आवंटित 70 बीघा जमीन में 40 बीघा पर वर्तमान में अवैध कब्जा है। इस जमीन पर मकान और तमाम प्रतिष्ठान बन गए हैं। गैस गोदाम, निजी बोरवेल और प्लाटिंग तक कर दी गई है। भाजपा नेता रविंद्र जुगरान ने इस मामले की शिकायत मुख्यमंत्री से की थी। उन्होंने आपदा प्रबंधन विभाग में हुए बड़े जमीन घोटाले की आशंका की शिकायत करते हुए प्रकरण की उच्च स्तरीय जांच की मांग की। मुख्यमंत्री ने मुख्य सचिव को प्रकरण की तत्काल जांच कराने के निर्देश दिए थे।
मामले में निर्देश मिलने के बाद अपर सचिव राजस्व व आपदा प्रबंधन विभाग ने जिलाधिकारी देहरादून को अवैध कब्जों की जांच कर एक माह में रिपोर्ट शासन को उपलब्ध कराने के लिए निर्देशित किया। जिलाधिकारी देहरादून ने जांच के बाद शासन को अपनी रिपोर्ट सौंप दी थी। इस रिपोर्ट में स्वीकार किया गया कि कुछ अवांछित लोगों की ओर से आपदा प्रबंधन विभाग को आवंटित भूमि पर अवैध कब्जे किए गए हैं। जमीन को कब्जा मुक्त करने की कार्रवाई शीघ्र की जाएगी।
राजस्व विभाग को लौटानी पड़ सकती है दो हेक्टेयर भूमि
जिलाधिकारी ने शासन को भेजी गई रिपोर्ट में उल्लेख किया है कि आपदा प्रबंधन विभाग को आवंटित 5.29 हेक्टेयर भूमि का विभाग ने समुचित उपयोग नहीं किया है। अब केवल 3.29 हेक्टेयर भूमि आपदा प्रबंधन विभाग के नाम रखी जाए और शेष दो हेक्टेयर भूमि आपदा प्रबंधन विभाग से वापस लेकर राजस्व विभाग के नाम कर दी जाए।