इसे देखते हुए राज्य अटल आयुष्मान सोसायटी ने सभी अस्पतालों को निर्देश दिए कि मरीज की कैशलेस मेडिकल जांच करने की जिम्मेदारी भी अस्पताल की है। गोल्डन कार्ड पर मरीज को भर्ती किया गया तो मेडिकल जांच करने की व्यवस्था भी अस्पताल स्वयं करेंगे।
इसके लिए अस्पताल जिन मेडिकल टेस्ट की सुविधा उपलब्ध नहीं है, उनके लिए निजी पैथोलॉजी लैब को आउटसोर्स कर सकते हैं। इलाज के लिए निर्धारित पैकेज के अनुसार अस्पतालों को मरीज कैशलेस इलाज और मेडिकल जांच की सुविधा उपलब्ध करानी होगी।
कई बार अस्पतालों में सभी प्रकार के मेडिकल जांच की सुविधा उपलब्ध नहीं होती है। आयुष्मान योजना में जिन मरीजों का इलाज कराया जाएगा। उनके मेडिकल जांच की व्यवस्था करना भी अस्पतालों की जिम्मेदारी है। मेडिकल जांच के लिए मरीजों से कोई शुल्क नहीं लिया जा सकता है। इस बारे में सूचीबद्ध मेडिकल कालेजों और अस्पतालों को निर्देश दिए गए हैं।
-अरुणेंद्र सिंह चौहान, अपर सचिव एवं सीईओ, राज्य अटल आयुष्मान योजना