देश में मौजूदा रेलवे ट्रैक हाईस्पीड ट्रेनों की 250 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार को झेलने के लिए तैयार नहीं हैं। इन पर हाईस्पीड ट्रेनों का संचालन दुर्घटनाओं का सबब बन सकता है।
रेल मंत्रालय ने इस समस्या से निपटने के लिए कंपनमुक्त रेलवे ट्रैक की तकनीक तैयार करने की बाबत आईआईटी रुड़की के वैज्ञानिक डॉ. सत्येंद्र मित्तल से करार किया है। बीते नौ फरवरी को रेलवे ने ‘टेक्नोलॉजी मिशन ऑफ इंडियन रेलवे’ (टीएमआईआर) की नौ सदस्यीय टीम का गठन किया।
टीम में डॉ. सत्येंद्र मित्तल भी शामिल हैं। ट्रेनें 250 की रफ्तार से दौड़ें, इसके लिए ट्रैक को कंपन और धंसाव मुक्त बनाने के लिए ‘वाइब्रेशन आब्जर्वर’ की जरूरत होगी। इसे तैयार करने के लिए रेलवे ने डॉ. सत्येंद्र मित्तल को जिम्मेदारी सौंपी है और एमओयू साइन किया है।