हाइकोर्ट ने एम्स ऋषिकेश में छात्रा की हुई मौत मामले में सीबीआई जांच करने के आदेश पारित किए हैं। बृहस्पतिवार को न्यायमूर्ति लोकपाल सिंह की एकलपीठ के समक्ष मामले की सुनवाई हुई।
एम्स की नर्सिंग प्रथम वर्ष की छात्रा कुमारी युक्ति की मौत 24 जून 2014 में एम्स में ही पंखे पर लटकर हुई थी। उसके पिता ने ऋषिकेश थाने में इसकी प्रथम सूचना रिपोर्ट भी दर्ज कराने की कोशिश की थी।
आरोप है कि पुलिस ने इस मामले में कोई कार्रवाई नहीं की और न ही उनकी प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज की गई। याचिका में कहा गया कि नौ माह बाद पिता ने कोर्ट में सीआरपीसी की धारा 156, 3 के तहत प्रार्थना पत्र दिया।
इस पर निचली अदालत ने पुलिस को रिपोर्ट दर्ज करने के आदेश दिए। जांच अधिकारी ने जांच की और बाद में जांच सीबीसीआईडी को सौंपी गई। जांच से संतुष्ट न होकर सीबीसीआईडी ने मामले को बंद कर दिया।
पिता ने कोर्ट से इस मामले में सीबीआई से जांच करने की मांग की। सीबीआई ने इस आधार पर जांच करने से मना कर दिया कि उनके पास काम का बोझ बहुत अधिक है। सीबीआई के इस रुख के खिलाफ याचिकाकर्ता ने हाइकोर्ट में याचिका दायर की थी। पक्षों की सुनवाई के बाद कोर्ट ने सीबीआई को जांच करने के आदेश दिए हैं।