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यहां लड़कियां ही नहीं लड़के भी बन रहे हवस का शिकार, पढ़िए चौंकाने वाला मामला

Thu, 02 Nov 2017 09:45 AM IST
ब्यूरो / अमर उजाला, हरिद्वार
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गांव में बच्चों के साथ खेल रहा था मासूम
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वहशी दरिंदे लड़कियों के बाद अब लड़कों को भी हवस का शिकार बनाने से नहीं चूक रहे हैं। पढ़िए हरिद्वार में सामने आया ये चौंकाने वाला मामला...
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श्यामपुर में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उसका 11 वर्षीय बेटा गांव में बच्चों के साथ खेल रहा था । काफी समय बाद जब वह घर नहीं आया तो लड़कों ने पूछने पर बताया कि दो लड़के उसे अपने साथ जंगल में ले जा रहे थे। 

जब वादिनी पड़ोसी के साथ बेटे को ढूंढ रही थी  तभी गेंडीखाता के जंगल की ओर से उसका लड़का आता दिखाई दिया। पूछने पर उसने बताया कि उसके साथ एक लड़के ने गलत काम किया है। 
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10 साल के कठोर कारावास एवं 20 हजार अर्थदंड

सजा - फोटो : money
पांच नवंबर 2016 को अंजाम दिए गए ​इस मामले में नाबालिग के साथ कुकर्म के मामले में सुनवाई करते हुए विशेष न्यायाधीश पोक्सो एक्ट एवं अपर सत्र न्यायाधीश अर्चना सागर ने आरोपी को मामले में दोषी करार देते हुए 10 साल के कठोर कारावास एवं 20 हजार अर्थदंड की सजा सुनाई।

शासकीय अधिवक्ता कुशल पाल सिंह चौहान ने बताया कि वादिनी ने पांच नवंबर 2016 को थाना श्यामपुर में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उसका 11 वर्षीय बेटा गांव में बच्चों के साथ खेल रहा था।

पुलिस ने  रिपोर्ट के आधार पर  पवन पुत्र राजेंद्र निवासी ग्राम चंदौसी  सहादतीपुर शक्तिनगर  रेलवे स्टेशन के पास जिला मुरादाबाद के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया।
 
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शासकीय अधिवक्ता ने आठ गवाह पेश किए

कोर्ट
जांच के बाद  पुलिस ने अदालत में आरोप पत्र दाखिल किए। अभियोजन पक्ष की ओर से शासकीय अधिवक्ता चौहान ने आठ गवाह पेश किए।

दोनों पक्षों के साक्ष्यों पर गौर करने व सुनवाई के बाद  विशेष न्यायाधीश पोक्सो एक्ट अर्चना सागर ने आरोपी पवन को दोषी दोषी करार देते हुए 10 वर्ष के कठोर कारावास और 20 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई।

इसके बाद से पीड़ित पक्ष में खुशी का माहौल है। लेकिन इस तरह के मामले मानसिक विकृति की दस्दीक करते हैं।
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